मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज स्पोर्ट्स स्टेडियम रुद्रपुर पहुंचे। इस दौरान सीएम के साथ उत्तराखंड ओलंपिक संघ के अध्यक्ष महेश नेगी, विधायक शिव अरोरा, मेयर विकास शर्मा, नागेन्द्र शर्मा सहित अनेक मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आज स्पोर्ट्स स्टेडियम रुद्रपुर पहुंचे। इस दौरान सीएम के साथ उत्तराखंड ओलंपिक संघ के अध्यक्ष महेश नेगी, विधायक शिव अरोरा, मेयर विकास शर्मा, नागेन्द्र शर्मा सहित अनेक मौजूद रहे।

| क्र. सं. | पद का नाम | वैकेंसी |
|---|---|---|
| 1. | सहायक कृषि अधिकारी (रसायन शाखा) | 07 |
| 2. | वरिष्ठ दुग्ध निरीक्षक | 03 |
| 3. | फार्मासिस्ट | 10 |
| 4. | कैमिस्ट | 12 |
| 5. | प्राविधिक सहायक वर्ग (अभियंत्रण शाखा) | 03 |
| 6. | प्रयोगशाला सहायक (रसायन विज्ञान) | 06 |
| 7. | मशरूम पर्यवेक्षक | 05 |
| 8. | प्रयोगशाला सहायक (वनस्पति विज्ञान) | 06 |
| 9. | प्रयोगशाला सहायक (उद्यान विज्ञान) | 06 |
| 10. | प्रयोगशाला सहायक | 07 |
| 11. | पशुधन प्रसार अधिकारी | 120 |
| 12. | खाद्य प्रसंस्करण शाखा वर्ग-3 पर्यवेक्षक (कैनिंग) | 19 |
| 13. | खाद्य प्रसंस्करण शाखा वर्ग-3 पर्यवेक्षक (पाककला/कुकरी) | 01 |
| 14. | फोटोग्राफर | 03 |
| 15. | स्नातक सहायक | 02 |
| 16. | प्रतिरूप सहायक | 25 |
| 17. | वैज्ञानिक सहायक | 06 |
| 18. | वन दरोगा |

| क्र. सं. | विवरण | तिथि |
|---|---|---|
| 1. | विज्ञापन प्रकाशन की तिथि | 31 जनवरी, 2025 |
| 2. | ऑनलाइन आवेदन प्रारम्भ तिथि | 06 फरवरी, 2025 |
| 3. | ऑनलाइन आवेदन अन्तिम तिथि | 28 फरवरी, 2025 |
| 4. | लिखित परीक्षा की अनन्तिम तिथि | 20 अप्रैल, 2025 |
आवेदन करने वाले अनारक्षित/राज्य के ओबीसी उम्मीदवारों को 300 रुपये का भुगतान करना होगा, जबकि राज्य के एससी/एसटी/ईडब्ल्यूएस/दिव्यांर उम्मीदवारों को शुल्क 150 रुपये का आवेदन शुल्क देना होगा।

Uttarakhand Budget 2025: वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल ने बताया कि बजट सत्र 2025-26 देहरादून में 18 से 24 फरवरी की अवधि में आयोजित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि राज्य के विभिन्न वर्गों जैसे व्यापारी, किसान, लघु उद्योग, शिक्षा आदि क्षेत्र से जुड़े व्यक्तियों से महत्वपूर्ण सुझाव प्राप्त किए गए हैं।
इन सुझावों को उत्तराखंड के बजट में शामिल किया गया है। जनहित की भावनाओं को ध्यान में रखकर प्रदेश को देश का अग्रणी राज्यों की सूची में शामिल करने की दिशा में बजट लाया जाएगा।अग्रवाल ने बताया कि प्रदेशभर से लगभग 200 से अधिक हित धारकों से सुझाव लिए गए हैं। उन्होंने कहा कि जनहित की भावनाओं को ध्यान में रखकर प्रदेश को देश का अग्रणी राज्यों की सूची में शामिल करने की दिशा में बजट लाया जाएगा।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री घोषणा के क्रम में विभिन्न विकास कार्यों के लिए 5.10 करोड़ की धनराशि स्वीकृत की है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विभिन्न आपदाग्रस्त और ग्रामीण क्षेत्रों में सोलर स्ट्रीट लाइट लगाने के लिए 26.69 लाख स्वीकृत किए हैं। उन्होंने देहरादून में गुरुनानक पब्लिक इंटर कालेज, खुड़बुड़ा मोहल्ला में मरम्मत कार्य के लिए 99.99 लाख रुपये स्वीकृत किए हैं।
साथ ही खोली से धांडली तक संपर्क मार्ग के कार्य को 38.82 लाख, मां भगवती मंदिर चामी भैसकोट के सुंदरीकरण को 47 लाख, गुरु गोरखनाथ मंदिर मेला स्थल विकास व सुंदरीकरण को 48.79 लाख, ग्राम पंचायत बौना से धरीतीधार कुलका ट्रेकिंग/पैदल मार्ग निर्माण कार्य को 75.47 लाख की धनराशि स्वीकृत की है।
मुख्यमंत्री ने विधानसभा धारचूला में मदकोट क्षेत्र के अंतर्गत मंदाकिनी पुल से ग्राम समा राप्ती क पैदल अश्व मार्ग का निर्माण को 44.77 लाख, मां नंदा सुनंदा मंदिर उद्यमस्थल को पर्यटन एवं धार्मिक दृष्टि से विकसित करने को 45.00 लाख, ग्राम पक्की खुमरिया में 200 मीटर सड़क निर्माण को 19.53 लाख स्वीकृत किए हैं। उन्होंने विधानसभा सोमेश्वर में सोमेश्वर मंदिर सुंदरीकरण के लिए 36.85 लाख रुपये स्वीकृत किए हैं।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अपने तीन दिवसीय कार्यक्रम के तहत उत्तराखंड पहुंचे हैं। पौड़ी स्थित अपने पैतृक गांव पहुंचते ही उन्होंने सबसे पहले पौड़ी गढ़वाल में मानगढ़ वासनी देवी की प्राण प्रतिष्ठा में हिस्सा लिया। यहां उन्होंने पूजा अर्चना कर माता का आशीर्वाद लिया।।
38वें राष्ट्रीय खेलों की लॉन बॉल स्पर्धा में बुधवार को झारखंड ने दो और उत्तराखंड व दिल्ली ने एक-एक स्वर्ण पदक जीता। उत्तराखंड ने अलग-अलग श्रेणी में दो कांस्य भी अपने नाम किए।
पुरुष पेयर्स के फाइनल में झारखंड ने असम को एकतरफा मुकाबले में 25-04 के बड़े अंतर से हराया। वहीं, महिला फोर्स के फाइनल में भी झारखंड ने पश्चिम बंगाल को 18-08 से मात दी। अंडर-25 महिला के फाइनल में झारखंड ने असम को 21-20 से हराकर स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया। अंडर 25 महिला वर्ग में झारखंड के लिए स्वर्ण जीतने वाली बसंती कुमारी ने कहा कि मैच काफी मुश्किल था, लेकिन हमने अच्छा खेल दिखाया। उत्तराखंड आकर बहुत अच्छा लगा, हम फिर से यहां आना चाहेंगे।
पुरुष ट्रिपल्स के खिताबी मुकाबले में दिल्ली ने झारखंड को 25-08 से हराकर स्वर्ण पदक जीता। महिला सिंगल्स के फाइनल में पश्चिम बंगाल की खिलाड़ी ने झारखंड को 21-08 से हराकर खिताब अपने नाम किया।
उत्तराखंड ने अंडर-25 पुरुष फाइनल में मारी बाजी-
अंडर-25 पुरुष कैटेगरी का फाइनल मुकाबला असम और उत्तराखंड के बीच बेहद रोमांचक रहा। उत्तराखंड ने 21-20 के नजदीकी अंतर से जीत हासिल कर स्वर्ण पदक पर कब्जा किया। लॉन बाल के मुकाबले 6 फरवरी से फिर शुरू होंगे, जिसमें पुरुष फोर्स सिंगल्स, महिला पेयर्स और महिला ट्रिपल्स के इवेंट खेले जाएंगे।
गुरु गोरखनाथ महाविद्यालय बिथ्याणी में पांच और छह फरवरी को पंतनगर विश्वविद्यालय की ओर से कृषि मेला लगाया जाना है। छह फरवरी को मेले का समापन होना है। अब तक चल रही पुलिस और प्रशासनिक तैयारियों के अनुसार सीएम योगी महाविद्यालय में स्टालों का निरीक्षण करने के साथ किसानों को सम्मानित करेंगे।
महाविद्यालय में प्रशासन के साथ ही विवि की ओर से भी स्टाल लगाए जा रहे हैं। महाविद्यालय में लगे सौ फीट ऊंचे तिरंगे झंडे का भी वह उद्घाटन करेंगे। सात फरवरी को उनके पैतृक गांव पंचूर में उनकी भतीजी की शादी है। छह फरवरी को रात्रि विश्राम उनका पैतृक गांव पंचूर में होगा। दिन में वह शादी समारोह में शामिल होंगे। इसके साथ ही वह तल्ला बंणास मेंं एक धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होंगे।
बताया जा रहा है कि वहां उनका करीब दो घंटे का कार्यक्रम है। उसके बाद वह शाम को रवाना हो जाएंगे। वहीं, उत्तर प्रदेश से एसपी सुरक्षा के नेतृत्व में एक टीम पहुंच चुकी है। टीम ने कार्यक्रम स्थलों पर सुरक्षा व्यवस्था को परखा। प्रभारी एसएसपी पौड़ी चंद्रमोहन सिंह ने बताया कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री का कार्यक्रम प्रस्तावित है। अभी कार्यक्रम नहीं आया है।
जागरण संवाददाता, ऋषिकेश: मायाकुंड में नगर निगम सामुदायिक केंद्र बनाएगा। करीब 43 लाख की लागत से निर्माण कार्यों का टेंडर जारी कर दिया गया है। वहीं, निगम ने डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन के लिए भी टेंडर जारी किए हैं। जब तक नई कंपनी काम के लिए नहीं आती है, पुरानी कंपनी ही जिम्मा संभालेगी। निगम क्षेत्र के मायाकुंड में पुराना भवन बना है। इस भवन में फिलहाल व्यवस्था ठीक नहीं है। यह जीर्ण-शीर्ण बना हुआ है।
जिलाधिकारी और नगर निगम के प्रशासक सविन बसंल के जनता दरबार में इसका मुद्दा उठा था। जिलाधिकारी ने नगर निगम के अधिकारियों को सामुदायिक केंद्र बनाने के निर्देश दिए। इसके बाद निगम ने इसके लिए प्रयास शुरू किए। निगम की ओर से 43 लाख की लागत से सामुदायिक केंद्र बनाने के टेंडर जारी किए गए हैं। इसमें हाल, कमरों का निर्माण कराया जाएगा।
नगर आयुक्त शैलेंद्र नेगी ने बताया कि इसके टेंडर की प्रक्रिया शुरू हो गई है। वहीं, नगर निगम ने शहर में डोर-टू-डोर कूड़ा कलेक्शन के लिए भी टेंडर जारी किए हैं। शहर के चालीस वार्डों में निगम घरों से कूड़ा उठा रहा है। एक एजेंसी के माध्यम से यह काम किया जा रहा है। नगर आयुक्त ने बताया कि जब तक नई एजेंसी नहीं आ जाती तब तक पुरानी कंपनी को ही काम करने को कहा गया है।
Dehradun: दिल्ली विधानसभा चुनाव को लेकर चुनावी शोर थम चुका है. इस बार दिल्ली चुनाव में बीजेपी ने तमाम दिग्गजों को चुनाव प्रचार में उतारा, जिसमें सीएम पुष्कर धामी भी शामिल रहे. उन्होंने चुनाव प्रचार को धार दी. वहीं, दिल्ली में चुनावी प्रचार प्रसार कर देहरादून लौटे सीएम धामी ने बड़ा बयान दिया है. सीएम धामी ने आरोप लगाते हुए कहा कि दिल्ली की आप सरकार एक ओर घुसपैठियों-बांग्लादेशियों का समर्थन और प्रोटेक्शन करती है तो वहीं दूसरी ओर उत्तर प्रदेश, बिहार और उत्तराखंड के लोगों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है.
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दिल्ली में प्रचार प्रसार के दौरान बांग्लादेशी घुसपैठियों के मामले को लेकर आप सरकार पर जमकर निशाना साधा था. सीएम धामी ने आरोप लगाते हुए कहा कि जब घुसपैठियों और बांग्लादेशियों की बात आती है तो आम आदमी पार्टी वाले उनका समर्थन करते हैं. साथ ही उनको प्रोटेक्शन करते हैं. जबकि, उत्तर प्रदेश, बिहार और उत्तराखंड के रहने वाले लोगों को अपना नहीं समझते हैं, बल्कि उनको बाहरी समझते हैं. साथ ही इन लोगों के साथ दोगलापन जैसा व्यवहार करते हैं.
सीएम धामी-
सीएम धामी ने कहा कि जब बांग्लादेश में नरसंहार हो रहा था. हिंदुओं के साथ अत्याचार और अमानवीय व्यवहार हो रहा था. माताओं-बहनों के साथ हर तरह से अन्याय हो रहा था, उस दौरान इन लोगों ने एक भी आवाज नहीं उठाई. जबकि, ये लोग छोटी-छोटी बातों पर जंतर मंतर में धरना करते हैं. कभी कैंडल मार्च निकालते हैं, लेकिन बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार के मामले पर विपक्ष को सांप सूंघ गया था. यही वजह है कि दिल्ली की जनता अब इनसे सवाल कर रही है कि उस दौरान इन्होंने सवाल क्यों नहीं उठाया?
दरअसल, दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 के बीच बांग्लादेशी घुसपैठियों का मामला काफी चर्चाओं में रहा. हाल ही में जेएनयू (जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय) ने एक रिपोर्ट भी जारी की है. जिसके अनुसार दिल्ली के 20 इलाकों में बांग्लादेशी घुसपैठियों की आबादी काफी ज्यादा है. अनुमान लगाया जा रहा है कि दिल्ली में करीब बांग्लादेशी घुसपैठियों की आबादी 20 लाख है. यही वजह है कि बीजेपी लगातार इस पूरे मामले पर सवाल उठा रही है. विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी इस मामले को भुनाने की कवायद में भी जुटी हुई है.
समान नागरिक संहिता के तहत लिव इन रिलेशनशिप का पंजीकरण कराने के लिए प्राप्त तीन आवेदनों में से एक को कानूनी मान्यता दे दी गई है। लिव इन रिलेशनशिप के लिए पहले जोड़े को पंजीकृत कर लिया गया है। यह युगल देहरादून जिले का बताया जा रहा है, हालांकि दून से प्राप्त दो आवेदनों के अलावा एक आवेदन दूसरे जिले से भी प्राप्त हुआ था।
यूसीसी अधिनियम के तहत जो भी जोड़े लिव इन रिलेशनशिप का पंजीकरण कराएंगे, उन्हें 16 पेज का फॉर्म भरना होगा। पंजीकरण शुल्क जमा करना होगा और यह भी बताना होगा कि अगर भविष्य में वह विवाह करना चाहें तो वो इस योग्य हैं या नहीं। जोड़े को पिछले लिव इन संबंधों का विवरण भी देना होगा।I
रेल बजट से उत्तराखंड की झोली में 4641 करोड़ रुपये आए हैं। बजट का यह आकार पड़ोसी राज्य हिमाचल, पंजाब, हरियाणा और दिल्ली से कहीं अधिक है। राज्य के हिस्से आए बजट से सामरिक और चारधाम यात्रा के महत्व वाली 125 किलोमीटर लंबी ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन का निर्माण और तेजी गति से करने में मदद मिलेगी। इसके अलावा 11 रेलवे स्टेशनों को अमृत स्टेशन के रूप में विकसित करने में भी धन की कोई कमी नहीं होगी।
सोमवार को पत्र सूचना कार्यालय में वर्चुअल जुड़े रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने पत्रकारों को संबोधित किया। उन्होंने बताया कि वर्ष 2009 से 2014 के बीच राज्य को कुल 187 करोड़ रुपये रेल बजट में मिले थे। इस लिहाज से देखें तो मौजूदा बजट का आकार 25 गुना है।
केंद्र सरकार ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन को लेकर गंभीर है। इससे न सिर्फ सामरिक महत्व की पूर्ति होगी, बल्कि चारधाम यात्रा को भी गति मिलेगी। 24 हजार 659 करोड़ रुपये की इस मेगा परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य वर्ष 2026 तय किया गया है। वर्तमान तक 49 प्रतिशत से अधिक कार्य पूरा किया जा चुका है।

प्रदेश में जिन 11 रेलवे स्टेशनों का विकास अमृत स्टेशन परियोजना में किया जा रहा है। इनके लिए 147 करोड़ रुपये का प्रविधान है। रेलवे में सुरक्षा की दृष्टि से कवच प्रणाली से उत्तराखंड को भी जोड़ा गया है। राज्य में 49 रूट किलोमीटर के लिए कवच प्रणाली की संस्तुति की गई है।
अमृत स्टेशन परियोजना वाले स्टेशन: देहरादून, हरिद्वार जंक्शन, हर्रावाला, काशीपुर जंक्शन, काठगोदाम, किच्छा, कोटद्वार, लालकुआं जंक्शन, रामनगर, रुड़की और टनकपुर।
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को कहा कि बजट में रेलवे को बेहतर बनाने के लिए सरकार के प्रयासों को जारी रखा गया है। इसके लिए 2.52 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं और 17,500 सामान्य कोच, 200 वंदे भारत और 100 अमृत भारत ट्रेनों के निर्माण जैसी परियोजनाओं को मंजूरी दी गई है।
वैष्णव ने रेल भवन में संवाददाताओं से कहा कि बजट में 4.6 लाख करोड़ रुपये की नई परियोजनाएं शामिल की गई हैं। इन्हें चार से पांच वर्षों में पूरा किया जाएगा। इनमें नई लाइनें बिछाने, दोहरीकरण, चौगुनीकरण, नए निर्माण, स्टेशन पुनर्विकास, फ्लाईओवर, अंडरपास सहित कई अन्य परियोजनाएं शामिल हैं। उन्होंने कहा कि अगले दो से तीन वर्षों में 100 अमृत भारत, 50 नमो भारत और 200 वंदे भारत (स्लीपर और चेयर कार) ट्रेनें बनाई जाएंगी। नई अमृत भारत ट्रेनों से हम कई छोटी दूरी के शहरों को जोड़ेंगे।
उत्तराखंड में पहली बार आयोजित हो रहे राष्ट्रीय खेलों से ग्रीन गेम्स का संदेश देने का तैयारी है। महाराणा प्रताप स्पोर्ट्स कॉलेज के समीप वन विभाग की 2.77 हेक्टेयर जमीन को खेल वन के रूप में तैयार किया जाएगा। इस भूमि पर राष्ट्रीय खेलों में पदक जीतने वाले 1600 खिलाड़ियों के नाम से रुद्राक्ष के पौधे लगाए जाएंगे। 10 फरवरी को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी खेल वन का शुभारंभ करेंगे।

खेल वन के लिए जो बड़ा बोर्ड तैयार कराया जा रहा है उसमें चैंपियन हमें प्रेरित करते हैं। लाइनें खासतौर पर उकेरी जा रही है। राष्ट्रीय खेल सचिवालय के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमित सिन्हा का कहना है कि यहां लगाए जाने वाले हर पौधे से हमारी स्मृतियों में विजेताओं का सुनहरा प्रदर्शन ताजा रहेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से हम ग्रीन गेम्स की थीम पर राष्ट्रीय खेलों का सफलतापूर्वक आयोजन कर रहे हैं। हमने हरित पहल करते हुए कई ऐसे कदम उठाए हैं, जिनसे दूर-दूर तक पर्यावरण संरक्षण का संदेश जाएगा। खेल वन इस कड़ी में एक महत्वपूर्ण प्रयास है।