Category Archive : देहरादून

उत्तराखंड कांग्रेस में एक नया भुचाल वरिष्ठ उपाध्यक्ष मथुरा दत्त जोशी ने छोड़ा कांग्रेस का साथ

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उत्तराखण्ड कांग्रेस से जुड़ी खबर से, निकाय चुनाव के बीच कांग्रेस को एक बड़ा झटका लगा है। उत्तराखंड कांग्रेस के संगठन उपाध्यक्ष मथुरा दत्त जोशी ने पार्टी के सभी पदों से त्यागपत्र दे दिया है। बताया जा रहा है कि मथुरा दत्त जोशी पत्नी को पिथौरागढ़ सीट से मेयर का टिकट ना मिलने से नाराज़ चल रहे थे और पिछले दिनों उन्होंने खुलकर अपनी नाराजगी भी जाहिर की थी। उन्होंने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को पत्र लिखा है। इस बीच चर्चा है कि कांग्रेस से इस्तीफा देने के बाद मथुरा दत्त जोशी और पूर्व राज्यमंत्री बिट्टू कर्नाटक आज भाजपा का दामन थाम सकते हैं। हांलाकि इसको लेकर अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

 

मथुरादत्त जोशी लगातार कांग्रेस हाई कमान से नाराज नजर आ रहे थे। उन्होंने अपनी पत्नी के लिए मेयर पद पर टिकट मांगा था। लेकिन उन्हें टिकट नहीं मिलने के बाद मथुरादत्त जोशी पार्टी नेतृत्व से बहुत नाराज हो गए थे। उन्होंने कई बड़ी बताया कि किस तरह से उन्होंने लगभग 50 सालों तक पार्टी की सेवा की है, बावजूद पार्टी ने उन्हें इस योग्य नहीं समझा।

वहीं कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष करन माहरा का बयान भी सामने आया था जिसमें उन्होंने कहा कि मथुरा दत्त जोशी को पार्टी ने हर वह पद दिया है जो एक बड़े नेता को किसी भी पार्टी में मिलना चाहिए।

मथुरादत्त जोशी की छवि एक शांत नेता की मानी जाती है। वहीं जब भी कांग्रेस पार्टी को जरूरत पड़ी है जोशी लगातार सामने आकर कांग्रेस पार्टी के लिए खड़े रहे हैं। जब कांग्रेस पार्टी को सबसे ज्यादा जरूरत बड़े नेताओं की थी और एक के बाद एक कई बड़े नेता कांग्रेस पार्टी को छोड़ रहे थे खासकर मथुरादत्त जोशी के कई करीबी नेता पार्टी को छोड़कर भाजपा में जा रहे थे, तब भी अकेले मथुरादत्त जोशी डटकर कांग्रेस के साथ खड़े नजर आए। बावजूद अब जाकर मथुरादत्त जोशी ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता के साथ-साथ सभी पदों से इस्तीफा दे दिया।

किस मुंह से चलाएंगे महेंद्र भट्ट बागियों पर अनुशासन का डंडा- Congress

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उत्तराखंड कांग्रेस की मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसोनी ने भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के उस बयान को हास्यास्पद बताया है जिसमें उन्होंने बागीयों से नामांकन वापस लेने की बात कही है और नामांकन ना वापस लेने की सूरत में उन्हें पार्टी से निकाल बाहर करने की धमकी दी है। गरिमा ने कहा कि आखिर किस मुंह से महेंद्र भट्ट कार्यकर्ताओं पर कार्यवाही की बात कर रहे हैं?दसौनी ने भट्ट पर सवाल दागते हुए कहा कि पार्टी का अनुशासन तब कहां गया था जब मंत्री गणेश जोशी पर आय से अधिक संपत्ति होने का गंभीर आरोप लगा था? यह अनुशासन तब कहां गया था जब सीबीआई जांच में उद्यान विभाग में करोड़ों का घोटाला होने की पुष्टि हुई थी? यह अनुशासन की धमकी तब कहां थी जब रानीखेत के विधायक प्रमोद नैनवाल के भाई सतीश नैनवाल न सिर्फ भारत नेपाल बॉर्डर पर 40 जिंदा कारतूसों के संग पकड़े गए थे और तो और उद्यान घोटाले में पौध वितरण में भी उनका नाम आया था? और यह अनुशासन का डंडा लैंसडाउन विधायक महंत दिलीप रावत पर क्यों नहीं चला जिन्होंने सार्वजनिक सभा में अपने भाषण में पार्टी टिकट ना मिलने की स्थिति में कार्यकर्ताओं से निर्दलीय मैदान में कूदने का निर्देश दिया था, आरक्षण की अनंततिम सूची का विरोध करने वाले विकास नगर से विधायक मुन्ना सिंह चौहान के लिए यह अनुशासन का डंडा कहां चला गया था? भट्ट की यह धमकी मंत्री अरविंद पांडे के लिए क्यों नहीं चली? दसौनी ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी का कार्यकर्ता इस बात को समझ चुका है कि पार्टी की कथनी और करनी में जमीन आसमान का फर्क है। अनुशासन और राजनीतिक सुचिता का खौफ सिर्फ गरीब और छोटे कार्यकर्ताओं को दिखाया जाता है रसूखदार मंत्री और विधायकों के लिए दूसरा कानून और कार्यकर्ताओं के लिए पार्टी के अंदर दूसरे नियम हैं ,गरिमा ने कहा शायद यही कारण है कि भाजपा में कार्यकर्ता अब ना डरता है और ना ही घबराता है और खुलकर पार्टी के फैसलों का विरोध करता है क्योंकि जब बड़े नेताओं पर ही अनुशासनात्मक कार्यवाही नहीं हो रही है तो फिर छोटे कार्यकर्ताओं पर क्यों? गरिमा ने चुटकी लेते हुए कहा की कहीं महेंद्र भट्ट अनुशासन का डंडा चलाने में ढीले इसलिए तो नहीं पड़ रहे हैं क्योंकि वह अध्यक्ष पद से हटने वाले हैं और बड़े नेताओं से अपने संबंध बिगाड़ना नहीं चाहते?

CM धामी ने किया वीर शिरोमणि माधोसिंह भंडारी कृषि विकास मेले का शुभारम्भ, क्षेत्र के विकास के लिए CM ने की कई घोषणाएं. 

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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मलेथा टिहरी गढ़वाल में वीर शिरोमणि माधोसिंह भंडारी की स्मृति में आयोजित 5 दिवसीय राजकीय औद्योगिक कृषि विकास मेले का शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विभागीय स्टालों का निरीक्षण कर विभिन्न स्कूलों एवं एनसीसी कैडेट्स द्वारा निकाली गई मार्च पास्ट रैली को सलामी दी। इससे पूर्व मुख्यमंत्री ने मलेथा में वीर शिरोमणि माधोसिंह भंडारी के स्मारक में उनकी मूर्ति पर माल्यार्पण कर उनके द्वारा निर्मित ऐतिहासिक गूल का अवलोकन कर उन्हें नमन किया।

 

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मलेथा चौराहे का नाम वीर शिरोमणि माधोसिंह भण्डारी के नाम पर किए जाने, वीर शिरोमणि माधोसिंह भण्डारी मेला स्थल का विस्तारीकरण किए जाने, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र सिल्काखाल के भवन निर्माण, सूर्य देवी मन्दिर पलेठी बनगढ का सौन्दर्यकरण किए जाने, रैतासी सड़क का निर्माण तथा ललूडीखाल-फरस्वाणगांव मोटर मार्ग एवं भैंसकोट मोटर मार्ग का डामरीकरण करने की घोषणा की।

 

कठिन व विपरीत परिस्थितियों में सिंचाई गूल बनाई गई- सीएम धामी

 

मुख्यमंत्री ने वीर शिरोमणि माधोसिंह भण्डारी के अद्वितीय साहस, त्याग और बलिदान को नमन करते हुए कहा कि यह सामान्य मेला नहीं अपितु एक विशेष त्यौहार है, जो अपनी सांस्कृतिक धरोहर को जीवित रखने का काम कर रहा है तथा भावी पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सच्चा शौर्य शक्ति में नहीं अपितु सेवा ओर समर्पण में निहित होता है, जिसकी बानगी वीर शिरोमणि माधोसिंह भण्डारी के कार्यों से मिलती है। उनके द्वारा क्षेत्र की खुशहाली के लिए कठिन एवं विपरीत परिस्थितियों में जो सिंचाई गूल बनाई गई वह आज भी लोगों को लाभान्वित कर रही है।

 

 

स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है- सीएम धामी

 

सीएम धामी ने कहा कि राज्य सरकार उत्तराखंड के विकास और प्रत्येक व्यक्ति के जीवन को बेहतर बनाने के लिए शिक्षा, सड़क, स्वास्थ्य, हर क्षेत्र में काम कर रही है। जनपद टिहरी गढ़वाल में सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत 170 किमी. में क्रेश बैरियर निर्माण किया जा रहा है। मुयालगांव में आपदा में बहे पुल के स्थान पर 18 मीटर लंबा बेली ब्रिज बनाया गया। टिहरी झील रिंग रोड़ निर्माण किया जा रहा है। पलायन रोकने, पर्यटन, रोजगार और व्यापार बढ़ाने हेतु नौकरी सृजन के साथ ही स्वरोजगार को बढ़ावा दिया जा रहा है। महिलाओं और किसानों को सशक्त बनाने हेतु किसानों को एक 3 लाख तक का ऋण बिना ब्याज दिया जा रहा है।

 

राज्य सरकार द्वारा सख्त नकल विरोधी कानून बनाया गया- सीएम धामी

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में एक लाख महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं। आज स्वयं सहायता समूह अपनी आजीविका को बढ़ाने के साथ ही अन्य को भी रोजगार देने का काम कर रहे हैं। हाउस ऑफ़ हिमालय ब्रांड के माध्यम से स्थानीय उत्पादों को विश्व के कोने-कोने तक पहुंचाने का काम किया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा सख्त नकल विरोधी कानून बनाया गया, जिससे प्रतिभावान नौजवानों का विश्वास बढ़ा है और वे अपनी क्षमता के अनुसार नौकरी पा रहे हैं। 19 हजार से अधिक नौकरी देने का काम राज्य सरकार ने किया है। इसके साथ ही समान नागरिक संहिता कानून बनाने का काम किया जा रहा है। शीघ्र ही राज्य में सख्त भू कानून बनाने का काम भी किया जाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि अपना उत्तराखंड बहुत जल्द अग्रणीय राज्यों की श्रेणी में शामिल होगा।

 

 

इस अवसर पर उद्यान, पशुपालन, राजस्व, बाल विकास, चिकित्सा, उद्योग, कृषि, समाज कल्याण, पर्यटन, ग्राम्य विकास, पंचायत राज आदि विभागों द्वारा विभागीय स्टालों के माध्यम से जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रचार प्रसार करने के साथ ही जन शिकायतों का निस्तारण किया गया। विभिन्न स्कूली बच्चों द्वारा भारतीय संस्कृति पर आधारित झांकियों का प्रदर्शन किया गया।

 

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विधायक देवप्रयाग विनोद कंडारी ने मुख्यमंत्री का स्वागत करते हुए हुए क्षेत्र के विकास से संबंधित मांगपत्र मुख्यमंत्री को सौंपा। इस अवसर पर निवर्तमान जिला पंचायत अध्यक्ष/प्रशासक सोना साजवाण, जिलाध्यक्ष भाजपा राजेश नौटियाल, अध्यक्ष नगरपालिका परिषद देवप्रयाग ममता देवी, एसएसपी आयुष अग्रवाल, एएसपी जे.आर. जोशी, डीजीएम आरवीएनएल राजेश अरोड़ा सहित अन्य गणमान्य एवं क्षेत्रीय जनता मौजूद रहे।

Uttarakhand Nikay Chunav: प्रचार की रणनीति पर हुई चर्चा, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने ली प्रत्याशियों की बैठक.

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Dehradun: प्रदेश कांग्रेस ने निकाय चुनावों में प्रचार के मोर्चों पर रणनीति बनाने का काम शुरु कर दिया है.  इस कड़ी में कांग्रेस मुख्यालय में आज नगर निगम के चुनावी प्रचार की शुरुआत करते हुए पूर्व प्रदेश अध्यक्ष  प्रीतम सिंह, जिला प्रभारी प्रकाश जोशी एवं प्रतापनगर विधायक विक्रम सिंह नेगी की उपस्थिति में मेयर प्रत्याशी एवं पार्षद प्रत्याशियों की बैठक प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित की गई। बैठक में चुनाव प्रचार की रणनीति पर चर्चा हुई।

 

उपरोक्त जानकारी देते हुए प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता प्रतिमा सिंह ने बताया कि नगर निकाय चुनाव के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष श्री प्रीतम सिंह एवं पूर्व एआईसीसी सचिव व जिला प्रभारी श्री प्रकाश जोशी ने सभी पार्षद प्रत्याशियों से चुनाव प्रचार की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की और सभी को साथ लेकर चलने का सुझाव दिया।

 

उन्होंने कहा कि उन कार्यकर्ताओं जो टिकट के दावेदार थे परन्तु किन्हीं कारणवश प्रत्याशी नहीं बनाया जा सका उन कार्यकर्ताओं को भी साथ लेकर चलना है। कहा भाजपा के शासन में हुई देहरादून की दुर्दशा औऱ भाजपा के झूठ को घर-घर पहुंचाकर पर्दाफाश करना है। कांग्रेस पार्टी ने वरिष्ठ आन्दोलनकारी को अपना प्रत्याशी बनाया है जिसका लाभ निश्चित रूप से हमें चुनाव में मिलेगा तथा कांग्रेस प्रत्याशी भारी बहुमत से चुनाव में विजयी होंगे।

 

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मेयर पद के कांग्रेस प्रत्याशी वीरेंद्र पोखरियाल ने कहा कि सभी कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर चुनावी मैदान में उतरना है। सभी का साथ मिलेगा तभी विजय मिलेगी.. बैठक में सभी पार्षद प्रत्याशियों के साथ साक्षात्कार कराया गया।
इस अवसर पर मेयर प्रत्याशी वीरेंद्र पोखरियाल, सहित कांग्रेस पार्टी के सभी 100 वार्ड के प्रत्याशी तथा वरिष्ठ नेतागण उपस्थित थे।

 

डॉ0 प्रतिमा सिंह ने यह भी बताया कि कांग्रेस प्रत्याशी वीरेन्द्र पोखरियाल पटेलनगर संजय कॉलोनी में सफाई कर्मियों के मुद्दे पर सुझाव हेतु बैठक करेंगे।

 

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Uttarakhand: 7 नई पिरुल ब्रिकेट्स यूनिट वनाग्नि सत्र से पहले होंगी तैयार, CM के निर्देश पर केंद्र को भेजी रिपोर्ट.

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Dehradun: वन विभाग आगामी वनाग्नि सत्र से पहले प्रदेश में सात नई पिरुल ब्रिकेट्स यूनिट तैयार कर देगा। इससे पिरुल एकत्रितकरण के जरिए वनाग्नि रोकथाम में मदद मिलेगी। इधर, मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर वन विभाग ने वनाग्नि रोकथाम के लिए पांच साल की योजना तैयार करते हुए, केंद्र सरकार के पास मंजूरी के लिए भेजी है।

प्रदेश में वनाग्नि का मुख्य कारण, जंगलों में चीड़ वन की अधिकता है। वन विभाग के नियंत्रणाधीन वनाच्छादित क्षेत्र में लगभग, 15.25 प्रतिशत चीड़ वन है। इसलिए वन विभाग चीड़ पिरुल को एकत्रित करते हुए, इसका प्रयोग पैलेट्स, ब्रिकेट्स बनाने में कर रहा है। इसके लिए स्वयं सहायता समूहों की मदद ली जा रही है, वर्तमान में विभाग इन समूहों को प्रति कुंतल तीन रुपए की दर से चीड़ एकत्रित करने का भुगतान करता है, जिसे मुख्यमंत्री की घोषणा के क्रम में बढ़ाए जाने की तैयारी है। गत वर्ष विभाग ने स्वयं सहायता समूहों के जरिए, 38299.48 कुंतल चीड़ पिरुल एकत्रित किया, जिसके बदले समूहों को 1.13 करोड़ रुपए से अधिक का भुगतान किया गया।

अब यूनिट बढ़ाने की तैयारी-

अपर प्रमुख मुख्य वन संरक्षक निशांत वर्मा के मुताबिक पिरुल एकत्रितकरण से वनाग्नि रोकथाम में प्रभावी कमी आती है। इसलिए वर्तमान में चल रही ब्रेकेटस यूनिट की संख्या बढ़ाकर 12 किए जाने की तैयारी है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर, जल्द ही अल्मोड़ा, चम्पावत, गढ़वाल और नरेंद्र नगर वन प्रभाग में सात नई यूनिट स्थापित हो जाएंगी। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन भी हो सकेगा।

 

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Uttarakhand News: उत्तराखंड में UCC जल्द होगा लागू, सीएम धामी ने दिए संकेत; एक्स पर लिखी ये बात.

 

सीएम धानी ने कहा कि वनाग्नि रोकथाम के लिए, विभागों को समय से तैयारी करने को कहा गया है। प्रदेश में सात जगह नई ब्रेकेटस यूनिट बनने से ग्रामीणों को रोजगा मिलेगा, साथ ही पिरुल से लगने वाली वनाग्नि में भी प्रभावी कमी आएगी। इसके साथ ही वनाग्नि रोकथाम के लिए भारत सरकार के पास पांच साल की कार्ययोजना तैयार करके भेजी गई है।

 

हाईलाट्स-

15 प्रतिशत वनाच्छादित क्षेत्र में हैं चीड़ वन

05 स्थानों पर वर्तमान में हैं ब्रिकेट्स यूनिट

05 साल की कार्ययोजना भेजी गई भारत सरकार के पास

1.13 करोड़ रुपए गत वर्ष स्वयं सहायता समूहों को दिए गए पिरुल जमा करने पर

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Uttarakhand News: उत्तराखंड में UCC जल्द होगा लागू, सीएम धामी ने दिए संकेत; एक्स पर लिखी ये बात.

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उत्तराखंड में जल्द ही यूसीसी यानी यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू होगा. मुख्यमत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया एक्स पर साल के पहले दिन एक पोस्ट किया. इस पोस्ट का निष्कर्ष यही है कि उत्तराखंड में बहुत जल्द समान नागरिक संहिता लागू होने जा रही है. इससे पहले भी सीएम धामी जनवरी 2025 में यूसीसी लागू करने की बात कह चुके हैं.

 

उत्तराखंड में जल्द लागू होगा यूसीसी:

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर लिखा- ‘देवभूमि उत्तराखण्ड की देवतुल्य जनता के आशीर्वाद से हम प्रदेश में नागरिकों को समान अधिकार देने के लिए यूनिफ़ॉर्म सिविल कोड लागू करने जा रहे हैं, यह क़ानून न केवल समानता को बढ़ावा देगा बल्कि देवभूमि के मूल स्वरूप को बनाए रखने में भी सहायक सिद्ध होगा।’

सीएम धामी ने सोशल मीडिया पर लिखी पोस्ट:

इस पोस्ट के साथ सीएम धामी ने जो पोस्टर साझा किया है उसमें शीर्षक है ‘उम्मीदों का नया साल 2025’. पोस्टर में बाएं ओर लिखा है ‘समान नागरिक संहिता लागू करने वाला पहला राज्य बनेगा उत्तराखंड’. दाएं तरफ लिखा है ‘प्रदेश के समस्त नागरिकों को मिलेंगे समान अधिकार, अन्य राज्यों के लिए उत्तराखंड बनेगा पथ प्रदर्शक’. पोस्टर में समान नागरिक संहिता का सांकेतिक चित्र है. इसके साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर के साथ सीएं धामी की फोटो भी लगी है. पीएम मोदी ने तस्वीर में भगवा रंग की उत्तराखंडी टोपी पहनी है. वहीं सीएम धामी ने भी उत्तराखंड की पारंपरिक टोपी पहनी हुई है.

 

 

पीएम और गृहमंत्री कर चुके हैं तारीफ:

 मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की इस पोस्ट से लग रहा है कि बहुत जल्द उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता यानी यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू होगा. अगर ऐसा होता है तो उत्तराखंड देश का पहला राज्य होगा जहां यूनिफॉर्म सिविल कोड लागू होगा. पीएम मोदी और गृहमंत्री अमित शाह पहले ही उत्तराखंड के यूनिफॉर्म सिविल कोड की तारीफ कर चुके हैं.

Uttarakhand News: सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों के लिए खुशखबरी, पेंशन बढ़ाने के लिए होगी एक वेतन की वृद्धि.

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Uttarakhand: राज्य सरकार के अधिवर्षात आयु प्राप्त कर 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को राज्य सरकार ने राहत दी है। इन तिथियों पर रिटायर होने वाले कर्मचारियों को सरकार नोशनल इंक्रीमेंट का लाभ देगी। मंगलवार को सचिव वित्त दिलीप जावलकर ने इस संबंध में आदेश जारी कर दिए हैं।

फैसले का लाभ कर्मचारियों को हाईकोर्ट के 11 अप्रैल 2023 के आदेश और शासनादेश जारी होने से पहले के वर्ष में 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त हुए हैं। प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक में पहले इस संबंध में निर्णय हो चुका है। सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट भी इस तरह के मामलों में कार्रवाई के आदेश चुके हैं।

जारी शासनादेश के मुताबिक, 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होने वाले जिन कर्मचारियों को एक जनवरी और एक जुलाई को एक इंक्रीमेंट दिया जाना है, उनके अंतिम वेतन वेतन के साथ एक नोशनल इंक्रीमेंट भी जोड़ा जाएगा। इस वेतन के आधार पर ही उनकी पेंशन की गणना होगी। हालांकि रिटायरमेंट पर मिलने वाले बाकी सभी लाभ में इस नोशनल इंक्रीमेंट को शामिल नहीं किया जाएगा।

एरियर भुगतान नहीं किया जाएगा-

यह लाभ उन्हें तत्काल प्रभाव से मिलेगा। लेकिन एरियर भुगतान नहीं किया जाएगा। बता दें कि राज्य सरकार के कई कर्मचारी हर साल अपनी सेवा पूरी करने के बाद 30 जून और 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त होते हैं। इनमें ऐसे कर्मचारी भी होते हैं जो एक ही वेतन स्तर पर उस तिथि पर एक साल की संतोषजनक सेवा पूरी कर लेते हैं। उन्हें एक जुलाई और एक जनवरी को इंक्रीमेंट मिलता है। लेकिन उन्हें अगला इंक्रीमेंट नहीं मिल पाता, क्योंकि वे केवल एक दिन पहले ही 30 जून या 31 दिसंबर को रिटायर हो जाते हैं। 

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कर्मचारी संगठनों ने 2006 से शासनादेश लागू करने की मांग की-

कर्मचारी संगठनों ने नोशनल इंक्रीमेंट दिए जाने के फैसले का स्वागत किया। लेकिन साथ ही शासनादेश को वर्ष 2006 से लागू करने की मांग की है।राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के प्रदेश अध्यक्ष अरुण पांडेय और महामंत्री शक्ति प्रसाद भट्ट ने कहा कि यूपी सरकार ने यह लाभ वर्ष 2006 से दिए जाने का शासनादेश जारी किया है, जबकि सचिव वित्त के आदेश में यह अप्लै 2023 के बाद से लागू होगा।

Uttarakhand: भाजपा ने निकाय चुनाव के लिए बनाई प्रबंधन समिति, प्रचार की रणनीति पर मंथन.

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निकाय चुनाव के प्रचार को धार देने के लिए भाजपा ने प्रदेश चुनाव प्रबंधन समिति का गठन कर दिया है। प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के संयोजन में गठित यह समिति सभी निकायों की संचालन समिति से समन्वय बनाएगी।

समिति में सह संयोजक प्रदेश महामंत्री आदित्य कोठारी, खिलेंद्र चौधरी और राजेंद्र बिष्ट शामिल हैं। समिति की पहली बैठक में प्रदेश महामंत्री संगठन अजेय कुमार ने सभी सदस्यों की भूमिका एवं जिम्मेदारी को लेकर आवश्यक निर्देश दिए।

कहा, हमें केंद्र और राज्य सरकार की उपलब्धियों को जन-जन के बीच पहुंचाना है। कहा, हमारे पास पीएम के अतिरिक्त प्रदेश में मुख्यमंत्री धामी का लोकप्रिय चेहरा है, जिस पर सवा करोड़ देवभूमिवासी भरोसा करते हैं। बैठक का संचालन प्रदेश महामंत्री आदित्य कोठारी ने किया।

 

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समिति में ये बनाए गए प्रमुख व सह प्रमुख-

समिति में प्रचार एवं सभाओं के प्रमुख आदित्य कोठारी, सह प्रमुख सीताराम भट्ट, हिमांशु संगतानी, प्रचार सामग्री व साहित्य वितरण प्रमुख कौस्तुभानंद जोशी, सह प्रमुख राजेंद्र ढिल्लो, जगमोहन चंद, मीडिया विभाग प्रमुख मनवीर सिंह चौहान, सह प्रमुख राजेंद्र नेगी, मानिक निधि शर्मा, कुंवर जपेंद्र, प्रचार सामग्री व साहित्य निर्माण प्रमुख डॉ. देवेंद्र भसीन, सह प्रमुख अभिमन्यु कुमार, ओपी कुलश्रेष्ठ, मीरा रतूड़ी, चुनाव कार्यालय प्रमुख मुकेश कोली, हरीश डोरा, लच्छू गुप्ता, आशीष रावत, विपुल मेंदोली, संवाद केंद्र प्रमुख प्रवीण लेखवार, सत्यवीर चौहान, सोशल मीडिया प्रमुख नवीन ठाकुर सह प्रमुख गंधार अग्रवाल, कुलदीप रावत, करुण दत्ता, युवा प्रमुख शशांक रावत, महिला सम्पर्क प्रमुख आशा नौटियाल, सह प्रमुख गीता रावत व भावना मेहरा, वार्ड व बूथ स्तर के कार्य प्रमुख राजेंद्र बिष्ट, सह प्रमुख मधु भट्ट, यशपाल नेगी, विशाल गुप्ता, एससी संपर्क प्रमुख समीर आर्य, दर्पण कुमार, ऋषिपाल, हिसाब किताब प्रमुख पुनीत मित्तल, सह प्रमुख साकेत अग्रवाल, प्रशासनिक कार्य व चुनाव आयोग से संपर्क प्रमुख राजीव शर्मा बंटू, सह प्रमुख पुरुषोत्तम कंडवाल, प्रभात बिष्ट को प्रमुख रूप से जिम्मेदारी दी गई है।

 

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धामी, भट्ट, गौतम, रेखा वर्मा व पूर्व सीएम करेंगे प्रचार-

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट के अलावा भाजपा सरकारों के सभी पूर्व मुख्यमंत्री, प्रदेश प्रभारी दुष्यंत गौतम एवं सह प्रभारी रेखा वर्मा पार्टी प्रत्याशियों की पक्ष में चुनाव प्रचार करेंगे। सभी सांसद अपने-अपने क्षेत्र में आने वाले निगमों, निकायों एवं नगर पंचायतों के चुनाव अभियान में शामिल होंगे। विधायक एवं अन्य जनप्रतिनिधि काम करेंगे। नाम वापसी तक सभी नेताओं की सभाओं एवं कार्यक्रमों को लेकर रणनीति को अंतिम रूप दिया जाएगा।

Uttarakhand: नए साल में लोगों को मिलेंगी ये बड़ी सौगातें, पढ़ें पूरी खबर इस रिपोर्ट में.

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राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष में प्रवेश कर चुके उत्तराखंड के लिए प्रशासनिक और सामाजिक बदलाव के लिहाज नया साला काफी अहम होगा। धामी सरकार नए साल में कई बड़े कदम उठाने जा रही है। इनमें राज्य के लोगों के तीन बड़ी सौगातें शामिल हैं।

सरकार इस साल समान नागरिक संहिता लागू करेगी। साथ ही सशक्त भू-कानून भी राज्य में लागू हो जाएगा। हरियाणा राज्य की तरह उत्तराखंड सरकार भी राज्यवासियों के लिए परिवार पहचान पत्र योजना शुरू करेगी। अमर उजाला ने नए साल में राज्य सरकार के स्तर पर शुरू की जाने वाली नई पहलों की पड़ताल की। पेश है एक रिपोर्ट।

नए साल के पहले महीने में चारधाम यात्रा विकास प्राधिकरण

चारधाम यात्रा के प्रबंधन के लिए नए साल में चारधाम यात्रा प्राधिकरण अस्तित्व में आ जाएगा। सीएम धामी ने प्राधिकरण पर 15 जनवरी तक सभी तीर्थ पुरोहितों और हितधारकों के साथ बैठक कर उनके सुझाव लेने के निर्देश दिए हैं। जनवरी माह के अंत तक प्राधिकरण का गठन पूरा करने को कहा है।

 

नए साल का आगाज राष्ट्रीय खेलों से-

उत्तराखंड राज्य में नए साल का आगाज 38वें राष्ट्रीय खेलों से होगा। पहली बार राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी कर रहे राज्य में देशभर के सैकड़ों खिलाड़ी, प्रशिक्षक और अधिकारी पहुंचेंगे।
लागू हो जाएगा यूसीसी-
वर्ष 2025 में समान नागरिक संहिता भी पूरी तरह लागू हो जाएगी। सीएम धामी पहले ही यह घोषणा कर चुके हैं। यूसीसी लागू करने को लेकर प्रशिक्षण समाप्त होते ही राज्य सरकार इस कानून को लागू कर देगी।

भू कानून की तैयारी-

2025 में राज्यवासियों को मजबूत भू कानून भी मिल जाएगा। भू कानून को असरदार बनाने के लिए सरकार ने तैयारी शुरू कर दी है। बजट सत्र में सरकार भू कानून को लेकर विधानसभा में विधेयक लाएगी। अभी तक सरकार ने इस दिशा में सघन जांच अभियान चलाया है और नियम विरुद्ध खरीदी गई जमीन को राज्य सरकार में निहित करने की कार्रवाई की है।

परिवार पहचान पत्र योजना शुरू होगी-

हरियाणा राज्य में यह योजना पहले से चल रही है। उत्तराखंड सरकार ने भी परिवार पहचान पत्र योजना पर कार्य शुरू कर दिया है। सरकार राज्य में निवास कर रहे लोगों का डाटा बैंक तैयार करेगा। इस योजना से यह सुनिश्चित हो पाएगा कि सरकारी योजनाओं का लाभ सिर्फ पात्र व्यक्ति को मिले।

 

दिल्ली देहरादून एक्सप्रेस वे होगा शुरू-

नए साल में दिल्ली–देहरादून एक्सप्रेस वेपूरी तरह बनकर तैयार हो जाएगा। इसके बाद दिल्ली का सफर ढाई से तीन घंटे में पूरा हो सकेगा। कुल चार चरणों में हो रहे इस एक्सप्रेस वे के दो खंड पहले ही पूरे हो चुके हैं। जिसमें गणेशपुर से लेकर डाटकाली तक 12 किमी लंबा एलीवेटेड कॉरिडोर भी शामिल है।

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चार जिला मुख्यालयों के लिए हेली सेवा-

नए साल में मुख्यमंत्री उड़न खटोला योजना के तहत, पौड़ी, गोपेश्वर और केंद्र सरकार की क्षेत्रीय सम्पर्क योजना (आरसीएस) के तहत बागेश्वर और नैनीताल के लिए देहरादून से हेलीसेवा शुरू होने जा रही है। इसके साथ ही यूकाडा देहरादून से गौचर और चिन्यालीसौड के लिए फिक्स विंग सर्विस शुरू करने की तैयारी कर रहा है। इसमें दोनों जगह 18 सीटर छोटा विमान सेवाएं देगा।

ओला उबर की तर्ज पर सीएम सारथी योजना-

नए साल में उत्तराखंड में ओला उबर की तर्ज पर महिला सारथी यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचती नजर आएंगी। सरकार की महत्वाकांक्षी महिला सारथी परियोजना पायलट तौर पर देहरादून जिले से शुरू होने जा रही है। इसमें परिवहन विभाग जरूरतमंद महिलाओं को वाहन चलाने का प्रशिक्षण देने के साथ ही उनका ड्राइविंग लाइसेंस भी बनाएगा। इन महिलाओं के लिए ही वाहनों की व्यवस्था सीएसआर फंड और निर्भया योजना से की जानी प्रस्तावित है। इन गाड़ियों के संचालन के लिए एक पूरी तरह प्रोफेशनल मोबाइल एप बनाया जाएगा, उसमें यूजर इंटरफेस तकरीबन वैसा ही होगा जैसा आजकल ऑनलाइन गाड़ियां बुक करने वाली कमर्शियल कंपनियों के एप में होता है।

हमारी सरकार, बीते तीन साल से प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के संकल्प को लेकर काम कर रही है। इस लिहाज से 2025 का साल हमारे लिए, नए संकल्प लेते हुए, उत्तराखंड को देश का सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाने की दिशा में अग्रसर करने का साल होगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नौ संकल्प हमें, इस लक्ष्य को प्राप्त करने की प्रेरणा देते रहेंगे। – पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री

Uttarakhand: 2024 में धामी सरकार ने लिए ये 34 बड़े ऐतिहासिक फैसले, पढ़ें पूरी खबर.

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उत्तराखंड के लिए कई मायनों में अहम रहा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में उत्तराखंड सरकार ने कई ऐसे ऐतिहासिक कदम उठाए जो देशभर में छाए रहे। खासकर उत्तराखंड में समान नागरिक संहिता विधेयक पारित किए जाने की चर्चा पूरे देश में हुई। यही नहीं धामी सरकार ने साल 2024 में सख्त दंगारोधी कानून, राज्य आंदोलनकारियों को 10 फीसदी क्षैतिज आरक्षण सहित कई अन्य बड़े फैसले भी लिए।

01 – सख्त दंगा विरोधी कानून

कुमाऊं मंडल के हल्द्वानी में विगत आठ फरवरी को दंगे की घटना के बाद मुख्यमंत्री धामी ने दंगाइयों और उपद्रवियों से निपटने को सख्त फैसला लिया। राज्यपाल की मंजूरी मिलने के बाद राज्य में दंगारोधी लागू हो चुका है। इस कानून के तहत किसी भी तरह निजी-सरकारी संपत्ति के नुकसान की भरपाई दंगाइयों से ही करने का प्रावधान किया गया है। साथ ही दंगा करने वालों से 8 लाख तक का जुर्माना और दंगा नियंत्रण में सरकारी और अन्य कार्य पर आने वाले खर्चे की भरपाई भी उपद्रवियों से की जाएगी।

02 – 81 हजार करोड़ के निवेश की ग्राउंडिंग

दिसंबर 2023 में देहरादून में आयोजित वैश्विक निवेशक सम्मेलन में आए निवेश प्रस्ताव साल 2024 में धरातल पर उतरते नजर आए। 2024 में करीब 81 हजार करोड़ से अधिक के निवेश समझौतों को धरातल पर उतारा गया। इससे प्रदेश में रोजगार के अवसर भी बढ़ रहे हैं।

03 – तीसरे साल रिकॉर्ड सरकारी भर्तियां

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के कार्यकाल मे तीसरे साल भी रिकॉर्ड सरकारी भर्तियां हुईं। सरकार के गत तीन साल के कार्यकाल में अब तक 19 हजार युवाओं को सरकारी नौकरी दी जा चुकी है। साथ ही भर्ती प्रक्रिया भी अब पारदर्शी तरीके सम्पन्न हो रही है। राज्य में एक साल में बेरोजगारी दर में 4.4 प्रतिशत की कमी आई है।

04 – पांच हजार एकड़ सरकारी भूमि से हटा अतिक्रमण

कब्जाई गई सरकारी जमीन पर भी वर्ष 2024 में लगातार पीला पंजा चलता रहा। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दृढ़ इच्छाशक्ति का परिचय देते हुए पांच हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया है। इस भूमि पर धर्म के नाम पर अवैध ढांचों का निर्माण किया गया था। अभियान अभी भी निरंतर जारी है।

05 – राज्य आंदोलनकारी आरक्षण

साल 2024 में सरकार ने उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों की लंबी मांग को पूरा करते हुए, चिह्नित राज्य आंदोलनकारियों और उनके सभी पात्र आश्रितों को राजकीय सेवाओं में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण प्रदान कर दिया है। राज्य आंदोलनकारियों को लोकसभा आयोग के पदों पर भी आरक्षण प्रदान किया गया है।

06 – फिल्म नीति से क्षेत्रीय फिल्मों में बूम

प्रदेश में उत्तराखंड फिल्म नीति 2024 को मंजूरी दी गई है। नई फिल्म नीति के बाद उत्तराखंड में फिल्मों की शूटिंग का क्रेज बढ़ेगा। इस नीति में क्षेत्रीय फिल्मों के निर्माण के लिए दो करोड़ तक की सब्सिडी दी जाएगी। नीति के बाद इस अकेले एक वर्ष में 220 फिल्मों की शूटिंग की अनुमति दी गई। साथ ही 13 क्षेत्रीय फिल्मों का प्रदर्शन हुआ।

07 – एसडीजी रैंकिंग में देश में अव्वल

मई 2024 में जारी नीति आयोग की सतत विकास लक्ष्य यानी एसडीजी रिपोर्ट में भारत के सभी 28 राज्यों और 8 केंद्र शासित प्रदेशों (यूटी) में उत्तराखंड पहले स्थान पर रहा। मुख्यमंत्री धामी के गुड गवर्नेंस ने उत्तराखंड को नीति आयोग की कसौटी पर खरा उतारा है।

08 – बुजुर्गों को सामाजिक सुरक्षा

उत्तराखंड में वृद्धावस्था पेंशन को बढ़ाकर ₹1500 किया गया है। पहले बुजुर्ग दंपत्ति में से किसी एक को पेंशन मिलती थी, अब पति-पत्नी दोनों को वृद्धावस्था पेंशन का लाभ दिया जा रहा है।

09 – उच्च शिक्षा में नई छात्रवृत्ति

इसी साल उत्तराखंड में मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा प्रोत्साहन छात्रवृत्ति योजना की शुरुआत की गई। इसके तहत डीबीटी के माध्यम से 241 छात्रों के खातों में भेजी गई ₹33 लाख 52 हजार की धनराशि जारी की गई। साथ ही पीएचडी करने वाले 100 मेधावी विद्यार्थियों को प्रतिमाह ₹5000 की छात्रवृत्ति दी जा रही है।

 

10 – पिथौरागढ़ में उतरने लगे यात्री विमान

साल 2024 में पिथौरागढ़ के नैनी सैनी हवाई अड्डे से हवाई सेवाओं का नियमित संचालन शुरू किया गया, पिथौरागढ़ एयरपोर्ट पर अब 42 सीटर तक विमान उतरने लगे हैं। राज्य में आठ जगह पर हैलीपोर्ट का निर्माण किया जा रहा है। इस साल देहरादून से अयोध्या, अमृतसर के साथ ही पंतनगर से बनारस के लिए भी हवाई सेवाएं शुरू हो पाई हैं। इस तरह देवभूमि का देश के प्रमुख धार्मिक स्थलों से हवाई नेटवर्क स्थापित हो गया है।

11 – ग्रामीण सड़कों को मिली मंजूरी

इसी साल हरिद्वार में 4,755 करोड़ की 30 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया गया। साथ ही केंद्र सरकार से प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क रोजगार योजना के तहत ₹967.73 करोड़ की लागत से 108 सड़कों के निर्माण की स्वीकृति मिली।

12 – हरिद्वार मेडिकल कॉलेज की शुरुआत

2024 में हरिद्वार मेडिकल कॉलेज भी शुरू हो गया है। इसी के साथ प्रदेश में सरकारी मेडिकल कॉलेज की संख्या बढ़कर पांच हो गई है। धामी सरकार ने अटल आयुष्मान योजना के तहत डायलिसिस का लाभ लेने पर 100% चिकित्सा प्रतिपूर्ति की भी स्वीकृति प्रदान कर दी है।

14 – शीतकालीन यात्रा शुरू

धामी सरकार ने 2024 में एक बड़ा कदम उठाते हुए, चारधामों के शीतकालीन गद्दी स्थलों के लिए शीतकालीन यात्रा की भी शुरुआत कर दी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने खुद उखीमठ स्थित ओंकारेश्वर मंदिर से यात्रा की विधिवत शुरुआत की। शीतकालीन यात्रा को उत्तराखंड की आर्थिकी के लिहाज से गेम चेंजर माना जा रहा है।

15 – खिलाड़ियों का नौकरी में आरक्षण मिला

धामी सरकार ने नौकरियों में चार प्रतिशत खेल कोटा भी लागू कर दिया है। इसी के साथ पदक विजेता खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न नौकरी की भी व्यवस्था की गई है। उत्तराखंड को 2025 के लिए राष्ट्रीय खेलों की भी मेजबानी मिली है।

16 – राज्य अतिथि गृह बनकर तैयार

साल 2024 के दौरान राष्ट्रीय राजधानी नई दिल्ली के चाणक्यपुरी में राज्य अतिथि गृह, उत्तराखण्ड निवास, भी बनकर तैयार हो गया है। यह भवन पहाड़ की संस्कृति और वास्तुशिल्प को भी देश के सामने प्रस्तुत कर रहा है। यह भवन कुल 12051.70 लाख रुपए की लागत से बना है, जिसमें आधुनिक सुख-सुविधाओं के साथ-साथ ऊर्जा खपत न्यूनतम रखने के लिए दोहरी इन्सूलेटेड दीवारों, खिड़कियों, छत पर सोलर रिफ्लेक्टिव टाइलों का प्रयोग किया गया है। सौर ऊर्जा उत्पादन, कम ऊर्जा खपत के लिए विद्युत उपकरणों/ मशीनों के अधिष्ठान, मोशन सेंसर आधारित एलईडी लाईटें, इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग स्टेशन भी बनाए गए हैं।

17 – विश्व आयुर्वेद कांग्रेस

देहरादून में 12 से 15 दिसंबर के बीच 10वें विश्व आयुर्वेद कांग्रेस और आरोग्य एक्सपो- 2024 का आयोजन भी किया गया। इस आयोजन में 40 से अधिक देशों के विशेषज्ञों सहित छह हजार से अधिक डेलीगेट्स शामिल हुए। आयोजन में आयुर्वेद, योग, यूनानी, सिद्धा और होम्योपैथी जैसी परंपरागत चिकित्सा पद्धतियों को लोकप्रिय बनाने पर विचार विमर्श किया गया। इस दौरान छह हजार से अधिक डेलीगेट्स के सामने परंपरागत चिकित्सा पद्धतियों पर आधारित 900 से अधिक पेपर प्रस्तुत किए गए।

18 – शहीद आश्रित अनुदान राशि बढ़ाई

प्रदेश सरकार ने शहीद होने वाले सैनिकों के परिजनों को मिलने वाली अनुदान राशि भी बढ़ाकर 50 लाख कर दी है। पहले यह धनराशि 10 लाख थी, इस तरह सरकार ने अनुदान राशि में सीधे पांच गुना बढ़ोत्तरी की है, इसके साथ ही अब मुख्यमंत्री ने वीरमाताओं और वीरनारियों के लिए परिवहन निगम की बस में निशुल्क बस यात्रा की घोषणा की है।

 

19 – सस्ती बिजली का उपहार

साल 2024 प्रदेश के साढ़े 11 लाख से अधिक बिजली उपभोक्ताओं को भी सस्ती बिजली की सौगात दे गया। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल पर सितंबर माह से प्रतिमाह 100 यूनिट तक बिजली खर्च करने वाले उपभोक्ताओं को बिजली बिल में 50 प्रतिशत तक सब्सिडी मिल रही है, साथ ही उच्च हिमालयी क्षेत्र के निवासियों को 200 यूनिट तक बिजली खर्च पर बिल में 50 प्रतिशत की छूट मिल रही है।

20 – भू कानून के लिए जमीन तैयार

साल 2024 में प्रदेश सरकार भू कानून की विसंगतियों को ठीक करने के दिशा में भी आगे बढ़ती नजर आई। इसके लिए सरकार ने मौजूदा भू कानून का उल्लंघन किए जाने की शिकायतों का संज्ञान लेते हुए, सभी जिलों में सघन जांच अभियान संचालित किया। जिसके बाद कई जगह नियम विरुद्ध खरीदी गई जमीन को राज्य सरकार में निहित करने की भी कार्यवाई शुरू की गई। साथ ही सख्त भू कानून के लिए भी उच्च स्तरीय कमेटी गठित की गई है।

21 – देहरादून शहर में बिजली लाइन भूमिगत कार्य

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व यूपीसीएल द्वारा एडीबी परियोजना के अन्तर्गत देहरादून शहर के मुख्य मार्गों की विद्युत लाईनों को भूमिगत किये जाने का कार्य भी प्रारंभ किया जा चुका है। योजना के अन्तर्गत देहरादून शहर में 33 केवी की लगभग कुल 92 किमी, 11 केवी की कुल 230 किमी और एलटी की लगभग 608 किमी लाइनों को भूमिगत किया जा रहा है। इसके लिए शहर को तीन लॉट में बांट कर कार्य प्रारंभ कर दिया गया है।

22 – सांस्कृतिक गौरव को मिली पहचान

प्रदेश सरकार ने जनवरी 2024 में अयोध्या में श्री राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा समारोह के अवसर पर उत्तराखंड के पवलगढ़ कंजर्वेशन रिजर्व का नाम बदल कर सीतावनी कंजर्वेशन रिजर्व किया। इसके साथ ही सरकार ने चमोली जिले की जोशीमठ तहसील का नाम ज्योर्तिमठ और नैनीताल जिले में कोश्याकुटोली तहसील का नाम, कैंची धाम तहसील रखने का भी निर्णय लिया है।

23 – मुख्यमंत्री नमक पोषण योजना

उत्तराखंड में साल 2024 से गरीब परिवारों एवं राशन कार्ड धारकों को सब्सिडी पर पोषण युक्त नमक मिलना भी शुरू हो गया है। मुख्यमंत्री नमक पोषण योजना के तहत प्रदेश के करीब 14 लाख राशन कार्ड धारकों को 8 रुपए प्रति किलो की दर से पोषण युक्त नमक दिया जा रहा है।

24 – पर्यटन के लिए पुरस्कृत हुए गांव

27 सितंबर 2024 को विश्व पर्यटन दिवस के अवसर पर उत्त1राखंड के चार गांवों को सर्वश्रेष्ठी पर्यटन ग्राम पुरस्कार मिला। सर्वश्रेष्ठ पर्यटन ग्राम प्रतियोगिता में उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले के जखोल गांव को साहसिक पर्यटन के लिए चुना गया, जो अपनी ऊंचाई, खूबसूरत प्राकृतिक दृश्यों और चुनौतीपूर्ण ट्रेकिंग रूट के लिए जाना जाता है। इसके साथ ही सूपी, हर्षिल, और गुंजी को भी सर्वश्रेष्ठल पर्यटन ग्राम पुरस्कानर मिला।

 

 

25 – विजिलेंस ने की रिकॉर्ड 38 गिरफ्तारियां

आम जनता की भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायतों को सुनने के लिए राज्य में “भ्रष्टाचार मुक्त एप 1064“ को भी लॉन्च किया गया है। एप में अब तक एक हजार से ज्यादा विजिलेंस और नॉन विजिलेंस की शिकायतों दर्ज हुई हैं। इन शिकायतों पर गंभीरता से कार्य करते हुए विजिलेंस ने इस साल कुल 38 रिश्वतखोरों को जेल भेजा, जिसमें पांच राजपत्रित अधिकारी शामिल हैं। बीते 3 सालों में विजिलेंस ने करीब 75 भ्रष्टाचारियों को जेल भेजा है।

26 – सोलर से जगमग होता उत्तराखंड

2024 में सोलर प्रोजेक्ट में तेजी देखने को मिली। राज्य में रूफटॉप सोलर प्लांट लगाने को बढ़ावा देने के उद्देश्य से केंद्र और राज्य सरकार द्वारा संयुक्त रूप से 70 प्रतिशत की सब्सिडी दी जा रही है। पीएम सूर्यघर योजना के तहत सोलर पावर प्लांट की स्थापना के लिए अभी तक करीब 11 हजार लाभार्थियों को 90 करोड़ रुपए से अधिक का अनुदान दिया जा चुका है। घरेलू और गैर घरेलू उपभोक्ताओं हेतु सोलर वाटर हीटर संयत्र की स्थापना पर भी 30 से 50 प्रतिशत तक का अनुदान दिया जा रहा है।

28 – प्रति व्यक्ति आय पहुंची ढाई लाख के पार

ताजा आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में प्रति व्यक्ति आमदनी भी बढ़कर अब 02लाख 60 हजार रुपए हो चुकी है। जबकि वर्ष 2000 में प्रति व्यक्ति आय ₹15285 थी। पिछले दो वर्षों के आंकड़ों पर ही नजर डालें तो राज्य की प्रति व्यक्ति आय में 26 प्रतिशत वृद्धि हुई है। उत्तराखंड राज्य गठन के वक्त 2000 में अर्थव्यवस्था का आकार ₹14501 करोड़ था, जो 2023-24 में बढ़कर ₹346000 करोड़ रुपये हो चुका है।

30 – प्रवासी सम्मेलन

उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस के मौके सात नवंबर को देहरादून में पहला प्रवासी उत्तराखंडी सम्मेलन आयोजित किया गया। जिसमें देश के विभिन्न प्रांतों में रहने वाले प्रवासी उत्तराखंडी शामिल हुए। इस सम्मेलन में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य में प्रवासी उत्तराखंड परिषद का गठन करने की भी घोषणा की है। साथ ही कहा कि प्रवासी उत्तराखंड़ियों को प्रदेश की जानकारियां उपलब्ध कराने और उनकी समस्याओं को दूर करने के उद्देश्य से एक डेडीकेटेड वेबसाइट भी तैयार की जा रही है।

31 – भारतीय न्याय संहिता

संपूर्ण देश में एक जुलाई से तीन नए आपराधिक कानून – भारतीय न्याय संहिता 2023, भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 और भारतीय साक्ष्य अधिनियम 2023“ लागू हो चुके हैं, इसी के साथ उत्तराखंड ने भी इसी तिथि से इन तीन नए कानूनों को लागू कर दिया है। नए कानूनों को लागू किये जाने के लिए राज्य सरकार ने पृथक रूप से 20 करोड़ रूपए की धनराशि का प्राविधान किया है।

32 – लखपति दीदी योजना

प्रदेश सरकार महिलाओं की आर्थिक स्थिति सुधारने के लिए लखपति दीदी योजना चला रही है। इसमें स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी प्रत्येक महिला की सालाना आय एक लाख के पार पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें महिलाओं को कृषि उत्पाद, दुग्ध उत्पादन, सिलाई कढ़ाई के साथ ही रसोई गैर वितरण, प्रारंभिक पशु चिकित्सा सेवा, बीमा योजना, डिजिटल लेनदेन का प्रशिक्षण देकर आजीविका से जोड़ा जा रहा है। प्रदेश में एक लाख से अधिक महिलाएं लखपति बन चुकी हैं। अब प्रदेश सरकार ने लक्ष्य बढ़ाते हुए 2026 तक कुल 2.50 लाख महिलाओं को लखपति दीदी बनाने का लक्ष्य रखा है।

 

33 – एम्स में एयर एंबुलेंस

30 अक्तूबर को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) ऋषिकेश से देश की पहली हेली एंबुलेंस सेवा भी शुरू हो गई है। केंद्र सरकार की संजीवनी योजना के तहत शुरू की गई इस सेवा का लाभ लोगों को निशुल्क मिल रहा है। इसके तहत प्रदेश के किसी भी क्षेत्र से अति गंभीर रूप से बीमार या हादसे घायल व्यक्ति को हेली एंबुलेंस की मदद से एम्स ऋषिकेश में पहुंचाया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वर्चुअली माध्यम से इसका शुभारंभ किया।

34 – लालकुआं-बांद्रा सुपरफास्ट ट्रेन शुरु

21 अक्टूबर 2024 से लालकुंआ से बांद्र के मध्य नई सुपरफास्ट ट्रेन का भी संचालन शुरू हो गया है। इस ट्रेन के संचालन से कुमांऊ क्षेत्र का रामपुर, मुदादाबाद, गाजियाबाद, हजरत निजामुदीन, मथुरा, सवाई माधोपुर, कोटा, वडोदरा सूरत जैसे रेलवे स्टेशन से सीधे सम्पर्क हो गया है। इस साल केन्द्र सरकार के सहयोग से ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल लाइन का काम भी तेजी से आगे बढा, परियोजना जल्द पूरी होने वाली है।

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