Tag Archive : Uttarakhand News

Uttarakhand: 38वें राष्ट्रीय खेलों का काउंटडाउन शुरू, उत्तराखंड सरकार ने की तैयारियां तेज, 5 खेलों के लिए पंजीकरण प्रक्रिया तय.

272 Minutes Read -
Dehradun: 38वें राष्ट्रीय खेलों के लिए उत्तराखण्ड सरकार ने तैयारियां तेज कर ली है। राष्ट्रीय खेल सचिवालय युद्धस्तर पर तैयारियों में जुटा है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राष्ट्रीय खेलों की तैयारी चरणबद्ध ढंग से आगे बढ़ रही है। राज्य सरकार पहली बार उत्तराखण्ड में आयोजित हो रहे राष्ट्रीय खेलों के भव्य आयोजन के लिए प्रतिबद्ध है। 

38वें राष्ट्रीय खेलों के अंतर्गत पांच खेलों के लिए पंजीकरण प्रणाली तय कर ली गई है। गेम्स टेक्निकल कंडक्ट कमेटी (जीटीसीसी) ने इस संबंध में निर्णय ले लिया है। पंजीकरण प्रणाली को तय करते हुए जीटीसीसी ने राज्य खेल संघों के लिए प्रविष्टि की अंतिम तिथि भी तय कर दी है। राज्य खेल संघों को तीन चरणों में तीन से 13 जनवरी तक प्रविष्टि सुनिश्चित करनी होगी। जिन खेलों के लिए पंजीकरण प्रणाली तय की गई है, उसमें हैंडबाॅल, बीच हैंडबाॅल, ताइक्वांडो, वाॅलीबाॅल और बीच वाॅलीबाॅल शामिल हैं। 

पंजीकरण प्रणाली के अंतर्गत राष्ट्रीय खेल महासंघ अपने संबंधित खेलों के दिशा निर्देशों के अनुसार योग्य एथलीटों के नाम संबंधित राज्य खेल संघों को प्रदान करेंगे। एनएसएफ खेल सूची को संबंधित राज्य खेल संघों के साथ साझा करेगें। हैंडबाॅल और बीच हैंडबाॅल खेल के लिए वर्ष 2023 में गोवा में आयोजित 37वें राष्ट्रीय खेलों में भाग लेने वाली शीर्ष सात टीमों को उत्तराखण्ड में 38वें राष्ट्रीय खेलों में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया जाएगा।

 

पांडवाज बैंड मचाएगा धूम-

राष्ट्रीय खेलों के दौरान देश भर के लोगों के सामने उत्तराखंड की संस्कृति को एक नए तेवर और कलेवर के साथ पेश करने की तैयारी है। इसकी शुरुआत मशाल यात्रा से की जा रही है। मशाल यात्रा के दौरान मशहूर पांडवाज बैंड के प्रदेश भर में कुल 5 शो आयोजित किए जाएंगे। इनके अलावा कमला देवी जैसे लोक कलाकारों से भी बातचीत की जा रही है और हर जनपद में एक या दो ऐसे बड़े आयोजन करने की योजना है, जो प्रदेश की संस्कृति को दिखाते हों।

 

ये भी पढ़ें..Uttarakhand: 23 जनवरी को होंगे प्रदेश में निकाय चुनाव, आचार संहिता हुई लागू, पढ़ें ये अपडेट.

 

ताइक्वांडो खेल में एथलीटों का चयन आईओसी/जीटीसीसी द्वारा नियुक्त चयन समिति के तहत देहरादून में आयोजित किया जाएगा। ये चयन सभी ताइक्वांडो एथलीटों के लिए खुले रहेंगे। व्यक्तिगत स्पर्धाओं के लिए प्रत्येक भार वर्ग में शीर्ष एथलीट (पुरूष व महिला) अपने-अपने राज्यों का प्रतिनिधित्व करने के लिए पात्र होंगे। टीम स्पर्धाओं में चयन समिति टीमों की रैंकिंग घोषित करेगी और शीर्ष आठ टीमें (पुरूष व महिला), जिनमें से प्रत्येक में तीन एथलीट पात्र होंगे। मिश्रित जोड़ी स्पर्धा के लिए, चयन समिति शीर्ष आठ जोड़ियां की सूची घोषित करेगी, जो भाग लेने के पात्र होंगे। इन परीक्षणों में योग्य एथलीटों का उचित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए मानकीकृत और पारदर्शी प्रक्रियाओं का पालन करना होगा।

 

राष्ट्रीय खेलों के रंग में रंगा होगा गणतंत्र दिवस- 

इस साल प्रदेश में हाेने वाले 26 जनवरी के आयोजन भी राष्ट्रीय खेलों के रंग में रंगे होंगे। स्कूल कालेजों में होने वाले आयोजनों में राष्ट्रीय खेलों से जुडे प्रतीकों की झांकियां भी शामिल की जाएंगी। इसके अलावा गणतंत्र दिवस पर हर स्कूल में राष्ट्रीय खेलों के महत्व और इसके इतिहास से बच्चों को परिचित कराया जाएगा। साथ ही उन्हें खेलों में बेहतर प्रदर्शन करने पर मिलने वाले लाभों की जानकारी भी दी जाएगी।

 

वाॅलीबाॅल और बीच वाॅलीबाॅल टीमों के लिए 2022 में अहमदाबाद, गुजरात में आयोजित 36वें राष्ट्रीय खेलों में भाग लेने वाली राज्य टीमों (गुजरात को छोड़कर) को उत्तराखण्ड में 38वें राष्ट्रीय खेलों में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। राज्य ओलंपिक संघों और संबंधित राज्य वॉलीबॉल संघों को वॉलीबॉल और बीच वॉलीबॉल के लिए टीम चयन परीक्षण आयोजित करने का अधिकार है। इन परीक्षणों में योग्य एथलीटों का उचित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने के लिए मानकीकृत और पारदर्शी प्रक्रियाओं का पालन करना होगा।

 

 

Uttarakhand: 23 जनवरी को होंगे प्रदेश में निकाय चुनाव, आचार संहिता हुई लागू, पढ़ें ये अपडेट.

236 Minutes Read -

Dehradun- उत्तराखंड के 100 नगर निकायों में 23 जनवरी को चुनाव होंगे। सोमवार को शासन से सहमति के बाद राज्य निर्वाचन आयोग ने नगर निकाय चुनाव की अधिसूचना जारी कर दी। इसके साथ ही प्रदेश के नगर निकायों में आचार संहिता लागू हो गई है।

राज्य निर्वाचन आयुक्त सुशील कुमार ने आयोग कार्यालय में प्रेस वार्ता कर अधिसूचना जारी की। उन्होंने बताया कि राज्य में 107 नगर निकाय हैं, जिनमें से तीन निकायों (बदरीनाथ, गंगोत्री, केदारनाथ) में प्रशासनिक व्यवस्था लागू है। दो नगर निकाय पाटी (चंपावत) और गढ़ीनेगी (ऊधमसिंह नगर) नए बने हैं, जिनका परिसीमन उपलब्ध नहीं है, जिस कारण चुनाव नहीं होगा।

दो नगर निकायों किच्छा (ऊधमसिंह नगर) और नरेंद्रनगर (टिहरी) का परिसीमन भी आयोग को उपलब्ध नहीं हुआ है। लिहाजा, सात नगर निकायों में चुनाव नहीं होंगे। 100 निकायों (11 नगर निगम, 43 नगर पालिका, 46 नगर पंचायतों) में यह चुनाव कराया जा रहा है।

चुनाव कार्यक्रम-

नामांकन की तिथि : 27 से 30 दिसंबर 2024

नामांकन जांच : 31 दिसंबर 2024 से 01 जनवरी 2025

नाम वापसी : 02 जनवरी (सुबह 10 से शाम 4 बजे)

चुनाव चिह्न आवंटन : 03 जनवरी (सुबह 10 से दोपहर 3 बजे)

मतदान : 23 जनवरी 2025 (सुबह 8 से शाम 5 बजे तक)

मतगणना : 25 जनवरी (सुबह 8 बजे से)

30 लाख से अधिक मतदाता-

कुल मतदाता : 30,63,143

पुरुष मतदाता : 15,79,789

महिला मतदाता : 14,82,809

अन्य मतदाता : 545

इन नगर निगमों में चुनाव-

देहरादून, ऋषिकेश, हरिद्वार, रुड़की, कोटद्वार, श्रीनगर, रुद्रपुर, काशीपुर, हल्द्वानी, पिथौरागढ़ और अल्मोड़ा।

Uttarakhand: प्रदेश में निकाय चुनाव की तैयारी तेज, इसी सप्ताह जारी हो सकती है आचार संहिता।

306 Minutes Read -

उत्तराखंड के 100 नगर निकायों में मेयर, अध्यक्ष से लेकर वार्डों की आपत्तियों का निपटारा रविवार को देर रात तक कर दिया गया। इसके साथ ही शहरी विकास निदेशालय ने दोनों रिपोर्ट शासन को भेज दी है। अब इसका अध्ययन करके शासन निकायों की अंतिम अधिसूचना जारी करेगा। इसके बाद निर्वाचन आयोग को चुनाव का प्रस्ताव भेज दिया जाएगा।

निकाय चुनाव की तैयारियां चरम पर हैं। शनिवार को देर रात तक काम करने के बाद शहरी विकास निदेशालय ने मेयर, नगर पालिका व नगर पंचायत अध्यक्षों के आरक्षण पर आई आपत्तियों का निपटारा करके शासन को रिपोर्ट भेज दी। रविवार को सभी जिलों के साथ ही शहरी विकास निदेशालय भी रोजमर्रा की तरह खुला रहा।
रिपोर्ट का अध्ययन करने के बाद शासन अंतिम अधिसूचना जारी करेगा-

दिनभर जिलों से निकायों की वार्डवार आपत्तियों के निपटारे के बाद की रिपोर्ट आती रहीं। खबर लिखे जाने तक देहरादून, अल्मोड़ा और हरिद्वार को छोड़कर बाकी सभी जिलों की रिपोर्ट निदेशालय को मिल चुकी थीं। निदेशालय के अफसरों ने बताया कि देर रात तक सभी जिलों की रिपोर्ट प्राप्त करके शासन को भेज दी जाएगी।

 

 

यह भी पढ़ें.. Uttarakhand: देहरादून होगा आदर्श शहर की तरह विकसित, CM धामी ने किया करोड़ों की योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास।

इन दोनों रिपोर्ट का अध्ययन करने के बाद शासन अंतिम अधिसूचना जारी करेगा। इसके साथ ही राज्य निर्वाचन आयोग को चुनाव का प्रस्ताव भेज दिया जाएगा। इसके बाद आयोग चुनाव का कार्यक्रम तैयार करके शासन के संज्ञान के लिए भेजेगा और फिर हरी झंडी मिलते ही चुनाव की अधिसूचना जारी कर देगा। माना जा रहा है कि इस सप्ताह में प्रदेश में निकाय चुनाव की अधिसूचना जारी हो जाएगी। इसके साथ ही आचार संहिता लागू हो जाएगी।

 

नियमावली के तहत परखी गईं आपत्तियां-

शहरी विकास निदेशालय ने जिस नियमावली के तहत आरक्षण रोस्टर बनाकर अनन्तिम अधिसूचना जारी की थी, उसके मुताबिक ही आपत्तियों को परखने के बाद उनका निपटारा किया गया। इसके तहत ही रिपोर्ट तैयार की गई है। इसी प्रकार जिलाधिकारियों ने भी अपने स्तर से नियमावली के तहत आपत्तियों की सुनवाई और निपटारा किया है।

Uttarakhand: देहरादून होगा आदर्श शहर की तरह विकसित, CM धामी ने किया करोड़ों की योजनाओं का लोकार्पण व शिलान्यास।

215 Minutes Read -

Dehradun: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राजधानी में 188.07 करोड़ रुपये के 74 कार्यों का शिलान्यास व लोकार्पण किया। इनमें चार ईवी स्टेशनों समेत 36 कार्यों का लोकार्पण किया गया। इन पर लगभग 111.22 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। जबकि, 76.85 करोड़ रुपये के 38 कार्यों का शिलान्यास भी किया।

 

सीएम धामी ने कहा कि देहरादून को आदर्श शहर की तरह विकसित करना है। इसी क्रम में जनता की सहूलियत के लिए सरकार लगातार विकास कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि इस वक्त देहरादून की सबसे बड़ी समस्याओं में से एक जाम है। इससे निजात के लिए पार्किंग स्थलों को विकसित किया जा रहा है। इसी क्रम में 11 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली दो ऑटोमेटेड और एक भूतल पार्किंग का भी शिलान्यास किया जा रहा है। इससे बहुत हद तक शहर के एक बड़े हिस्से को जाम से मुक्त रखा जा सकता है।
मुख्यमंत्री ने बाल भिक्षावृत्ति निवारण के लिए तीन रेस्क्यू वाहनों को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। साथ ही जिलाधिकारी कार्यालय में पत्र प्रबंधन डेस्क का भी शुभारंभ किया गया। इससे यहां आने वाले पत्रों की ट्रेकिंग भी आसान हो जाएगी। वहीं, प्रस्तावित 11 ईवी चार्जिंग स्टेशनों में से चार स्टेशनों का भी लोकार्पण मुख्यमंत्री ने किया। जल्द ही सात ईवी चार्जिंग स्टेशनों का निर्माण भी पूरा कर लिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि इससे शहरवासियों को इलेक्ट्रिक वाहनों को चार्ज करने की सुविधा मिलेगी। इससे शहर में पर्यावरण संरक्षण भी हो सकेगा।

समग्र विकास के लिए काम कर रही सरकार : CM धामी

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार उत्तराखंड के समग्र विकास के लिए लगातार कार्य कर रही है। देहरादून स्मार्ट सिटी परियोजना के अंतर्गत स्मार्ट शौचालय बनाने, स्मार्ट वाटर मैनेजमेंट की शुरुआत की गई है। स्मार्ट स्कूलों की स्थापना करने के साथ ही लैंसडाउन चौक पर 650 पाठकों की क्षमता वाली अत्याधुनिक लाइब्रेरी का निर्माण किया गया है।

यह भी पढ़ें.. उत्तराखण्ड की फिल्म नीति पर बढ़ता भरोसा, बॉलीवुड अभिनेत्री पद्मिनी कोल्हापुरे ने सीएम धामी से की भेंट।

शहर में पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए 30 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जा रहा है। हर्रावाला में 300 बेड वाले कैंसर अस्पताल का निर्माण किया जा रहा है। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, विधायक खजानदास, सहदेव पुंडीर, सविता कपूर, निवर्तमान मेयर सुनील उनियाल गामा आदि मौजूद रहे।

 

सीएम धामी के तीन बड़े फैसले- देखें पूरा वीडियो

Uttarakhand: CM धामी ने सतपुली झील का किया शिलान्यास, 172 करोड़ की विकास योजनाओं को दी सौगात, पर्यटन को लगेंगे पंख.

402 Minutes Read -

Dehradun: सीएम धामी ने आज जनपद पौड़ी गढ़वाल के सतपुली में आयोजित कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस दौरान पूर्वी नयार नदी में बनने वाली बहुउद्देशीय सतपुली झील का शिलान्यास सहित लगभग 172.65 करोड़ की विभिन्न विकास योजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। जिसमें ₹123.53 करोड़ की 04 योजनाओं का शिलान्यास व ₹49.12 करोड़ की 20 योजनाओं का लोकार्पण शामिल है।

 

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विकासखण्ड बीरोंखाल के अंतर्गत राजकीय इंटर कॉलेज भरोली खाल व बीरोंखाल में नवीन भवन का निर्माण कराए जाने, विकासखण्ड एकेश्वर व कल्जीखाल के मध्य नयार पाटीसैण व असवालस्यूँ के मध्य पश्चिमी नयार नदी के ऊपर मोटर पुल निर्माण कराए जाने, विकासखण्ड एकेश्वर मुख्यालय में मिनी स्टेडियम का निर्माण , रवांसा नदी के ऊपर निर्मित पीपलडोंगा पुल से 500 मीटर ऊपर की ओर बैराज का निर्माण, ताड़केश्वर महादेव में पुलिस चौकी की स्थापना किए जाने की घोषणा की।

 

 

सीएम धामी ने कहा कि आज जिस झील का शिलान्यास किया गया है उसका लाभ आने वाली कई पीढ़ियों को भी होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में सड़क, हवाई कनेक्टिविटी के साथ ही इंफ्रास्ट्रक्चर का तेजी से विकास किया जा रहा है। प्रदेश में पर्यटन क्षेत्र में वृहद स्तर पर निर्माण कार्य करवाए जा रहे हैं।

 

यह भी पढ़ें.. Uttarakhand: प्रदेश की महिलाओं के लिए खुशखबरी.. 6,559 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के पदों पर होगी भर्ती.

 

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के सांस्कृतिक मूल्यों को संरक्षित करने के लिए हम संकल्पित होकर कार्य कर रहे हैं। प्रदेश में 5000 एकड़ से अधिक भूमि से अतिक्रमण हटाया गया है। उन्होंने कहा कि 2025 के जनवरी माह में हम प्रदेश में यूसीसी लागू करने जा रहे हैं। बहुत जल्द हम राज्य की जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए सख्त भू-कानून भी लाने वाले हैं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्र चौबट्टाखाल की विकास पुस्तिका का विमोचन भी किया।

 

इस अवसर पर सतपाल महाराज भी रहे मौजूद-

विधायक पौड़ी राजकुमार पोरी, विधायक लैंसडाउन महंत दिलीप रावत, गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र अंथवाल, भाजपा जिलाध्यक्ष कोटद्वार वीरेंद्र रावत, जिलाध्यक्ष पौड़ी सुषमा रावत, जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक लोकेश्वर सिंह एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

ये भी देखें…

Uttarakhand: प्रदेश की महिलाओं के लिए खुशखबरी.. 6,559 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं के पदों पर होगी भर्ती.

279 Minutes Read -

Dehradun: प्रदेश में 374 आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ओ 6185 सहायिकाओं समेत कुल रिक्त 6559 पदों पर महिलाओं को शीघ्र रोजगार मिलेगा। महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्या ने गुरुवार को इन पदों पर नियुक्ति करने के निर्देश जारी किए।

 

विभाग अगले दो दिन में इसकी विज्ञप्ति जारी कर सकता है। राष्ट्रीय खेल सचिवालय में विभाग के उच्च अधिकारियों के साथ बैठक के बाद मंत्री रेखा आर्य ने यह जानकारी दी। बताया, प्रदेश में लगभग सभी जिलों में आंगनबाड़ी केंद्रों का उच्चीकरण किया गया था, जिसके बाद वहां तैनात सहायिकाएं आंगनबाड़ी बन गईं।

इससे सहायिकाओं के काफी पद खाली हो गए थे। हाल ही में आंगनबाड़ी भर्ती नियमावली में संशोधन के बाद इसका शासनादेश हुआ था, जिससे इन पदों पर भर्ती का रास्ता साफ हुआ। मंत्री ने बताया, विभाग को अगले एक-दो दिन के भीतर विज्ञप्ति जारी करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं।

इन पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन मंगाए जाएंगे। आवेदन करने के लिए महिला अभ्यर्थियों को करीब 30 दिन का समय दिया जाएगा। विभाग के अधिकारियों को यह भर्ती प्रक्रिया तेजी से पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।

5 दिन के भीतर मांगे प्रस्ताव-

कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने नंदा गौरा योजना व अन्य योजनाओं की भी समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने आंगनबाड़ी केद्रों के नए मानकों के मुताबिक वहां पेयजल, बिजली और शौचालय की अनिवार्य उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मंत्री ने सभी 13 जिलों के जिला कार्यक्रम अफसरों को पांच दिन के भीतर सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में इन सुविधाओं को मुहैया कराने संबंधित प्रस्ताव निदेशालय को भेजने के निर्देश दिए। मंत्री ने कहा, नंदा गौरा योजना में 31 दिसंबर तक ज्यादा से ज्यादा आवेदन मंगाए जाएं।

 

यह भी पढ़ें..Uttarakhand: मदरसों का होगा वेरिफिकेशन, CM के निर्देश के बाद एक्शन में पुलिस, अवैध फंडिंग की भी होगी जांच.

 

आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण में बहानेबाजी सहन नहीं-

बैठक में प्रदेश में प्रस्तावित 3940 आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण की समीक्षा की गई । विभागीय मंत्री ने चेतावनी दी कि आंगनबाड़ी भवनों के निर्माण को लेकर कोई बहानेबाजी सहन नहीं की जाएगी। यदि किसी जगह पर भूमि उपलब्ध नहीं हो रही है तो आंगनबाड़ी केंद्र के लिए ऐसा स्थान चिह्नित करें, जहां भूमि उपलब्ध हो। बैठक में सचिव चंद्रेश यादव, निदेशक प्रशांत आर्या, उप निदेशक विक्रम सिंह, मोहित चौधरी, आरती बलोदी, उदय प्रताप सिंह उपस्थित रहे।

Uttarakhand: मदरसों का होगा वेरिफिकेशन, CM के निर्देश के बाद एक्शन में पुलिस, अवैध फंडिंग की भी होगी जांच.

242 Minutes Read -

Dehradun: प्रदेश में अवैध रूप से चल रहे मदरसों की जांच के लिए पुलिस ने भी तैयारी कर ली है। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद अब पुलिस प्रदेश में मदरसों का वेरिफिकेशन करेगी। साथ ही मदरसों में अवैध फंडिंग को लेकर भी जांच की जाएगी। इसके लिए जिला स्तर पर डीएम की अध्यक्षता में समिति भी बनाई गई है।

आईजी व पुलिस प्रवक्ता उत्तराखंड डॉ. नीलेश आंनद भ रणे ने बताया कि प्रदेशभर में मदरसों का वेरिफिकेशन कराया जाएगा। इसके साथ ही मदरसों में अवैध फंडिंग की भी जांच कराई जाएगी। यह भी देखा जाएगा कि मदरसों में बाहरी राज्यों के बच्चे तो नहीं पढ़ रहे हैं।

 

इसके लिए जिले में डीएम की अध्यक्षता में समिति भी बनाई गई है। इसमें सभी विभाग मिलकर मदरसों की जांच करेंगे। समिति में पुलिस से लेकर सभी विभागों को शामिल किया गया हैं। समिति सभी मदरसों की जांच कर एक महीने में इसकी रिपोर्ट सौंपेगी।

 

यह भी पढ़ें.. उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों के आये अच्छे दिन, सीएम धामी ने किये खरीद के आदेश जारी।

 

उत्तराखंड के स्थानीय उत्पादों के आये अच्छे दिन, सीएम धामी ने किये खरीद के आदेश जारी।

274 Minutes Read -

Dehradun: राज्य सरकार के अधीन विभिन्न विभाग और सरकारी कार्यालयों में आयोजित होने समारोहों, बैठकों के लिए स्थानीय समूहों के उत्पाद खरीदे जाएंगे। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने इसके आदेश जारी कर दिए हैं।

महिलाओं और किसानों की मजबूती का बनेगा आधार –

मुख्य सचिव की ओर से गुरुवार को जारी आदेश में कहा गया है कि उत्तराखंड में अलग – अलग विभागों के सहयोग से विभिन्न प्रकार के स्वयं सहायता समूहों, किसान उत्पादक संगठनों, महिला कृषकों और एकल महिला उद्यमियों द्वारा कई प्रकार के उच्च गुणवत्ता युक्त स्थानीय उत्पाद बनाए जा रहे हैं। उत्तराखंड सरकार भी विभिन्न शासकीय कार्य्रकमों, बैठकों, समारोह में उपहार देने के लिए स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता के आधार पर क्रय करने पर जोर दे रही है। इसी क्रम में सभी विभाग, कार्यालय अपने अधीन होने वाले कार्यक्रमों, समारोहों के लिए स्थानीय उत्पादों की खरीद करेंगे। इससे समूहों की आर्थिक स्थिति मजबूत होने के साथ ही, लोगों को भी गुणत्ता पूर्ण उत्पाद हासिल हो सकेंगे।

 

ये भी पढ़ें.. Uttarakhand: नेता, अफसर के साथ ही आम जन के लिए खोले सीएम धामी ने दिल्ली में नवनिर्मित उत्तराखंड निवास के दरवाजे.

स्थानीय उत्पादों का ब्रांड हाउस ऑफ हिमालयाज- 


प्रदेश सरकार ने गत वर्ष स्थानीय उत्पादों का अम्ब्रेला ब्रांड हाउस आफ हिमालयाज भी लांच किया है। इसका उद्घाटन खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों, दिसंबर 2023 के दौरान देहरादून में आयोजित ग्लोबल इंवेस्टर समिट के दौरान हुआ था। वर्तमान में हाउस ऑफ हिमालयाज ब्रांड के तहत आठ श्रेणी में कुल 35 उत्पादों को शामिल किया गया है। इसमें मिलेट्स बिस्किट, मुन्स्यारी, चकराता, हर्षिल की राजमा, चौलाई, तोर दाल, पहाड़ का परंपरागत लाल चावल, झंगोरा, गहथ, काले भट्ट, चाय, तेल, पर्सनल केयर, हैंडीक्राफ्ट के उत्पाद शामिल हैं।

 

गौरतलब है कि उत्तराखंडी उत्पादनों की मांग विगत कुछ वर्षों से पूरे देश में की जा रही है .. इससे न केवल प्रदेश के आम लोगों की आजीविका मजबूत होगी बल्कि महिलाओं के लिए ,जो स्वयं सहायता समूह के जरिए या खुद संचालन करती हैं उनको भी बहुत फायदा होगा

 

ये भी देखें…

Uttarakhand: नेता, अफसर के साथ ही आम जन के लिए खोले सीएम धामी ने दिल्ली में नवनिर्मित उत्तराखंड निवास के दरवाजे.

252 Minutes Read -

Dehradun: सीएम पुष्कर सिंह धामी ने निर्देश दिए कि नई दिल्ली में नवनिर्मित उत्तराखंड निवास आम जन के लिए भी उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाए। सीएम ने  प्रकाशित खबरों का संज्ञान लेते हुए कहा कि उत्तराखंड निवास में कक्ष आरक्षण के लिए जारी शासनादेश को तत्काल संशोधित किया जाए और उत्तराखंड के आम व्यक्ति को भी उपलब्धता के आधार पर वहां कक्ष मिल सके ऐसी व्यवस्था की जाए। मुख्यमंत्री ने दरों का भी पुनर्निर्धारण करने के निर्देश दिए है।

 

बुधवार को जारी शासनादेश को सीएम धामी ने संशोधित करने के निर्देश दिए। शासनादेश के मुताबिक दिल्ली में बनाए गए नए उत्तराखंड निवास में केवल नेता और आला अफसरों को ही ठहरने की सुविधा दिए जाने की बात कही गई थी। बाकी के लिए यहां प्रवेश नहीं रहेगा। राज्य संपत्ति विभाग ने इसके लिए रेट लिस्ट और ठहरने के पात्र लोगों की सूची जारी कर दी थी।

 

 

उत्तराखंड निवास में केवल राज्यपाल, मुख्यमंत्री, विधानसभा अध्यक्ष, मंत्री, नेता प्रतिपक्ष, हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश व न्यायाधीश, सांसद, विधायक, दायित्वधारी, पूर्व मुख्यमंत्री, एडवोकेट जनरल, राष्ट्रीय या राज्य स्तर का दर्जा प्राप्त राजनैतिक दलों के प्रदेश अध्यक्ष, विभिन्न संवैधानिक आयोगों के अध्यक्ष, मेयर, जिपं अध्यक्ष, मुख्य सचिव, अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव, पुलिस महानिदेशक, अपर पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक, प्रमुख वन संरक्षक, मुख्य वन संरक्षक, राज्य के मुख्य स्थायी अधिवक्ता, 13-ए ग्रेड लेवल या उच्च वेतन के अफसरों को ठहरने की सुविधा दी जानी थी।

ये भी पढ़ें- Uttarakhand: सीएम धामी देंगे उत्तराखंड को नई पहचान, जल्द बनेगी उत्तराखंड वेडिंग डेस्टिनेशन नीति। 

 

अपर सचिवों से लेकर आम आदमी तक के लिए यहां ठहरने की व्यवस्था नहीं की गई। जिसका संज्ञान लेते हुए सीएम धामी ने तत्काल इसे संशोधित करने के निर्देश दिए। यहां उत्तराखंड शासन या सरकारी विभागों की बैठक निशुल्क कराई जा सकेंगी। निगमों या समितियों को बैठक के लिए 15,000 रुपये प्रतिदिन प्रति कार्यक्रम देने होंगे। अन्य को 35,000 रुपये प्रति कार्यक्रम देने होंगे।

 

UCC: जनवरी 2025 से उत्तराखंड में लागू होगा यूनिफॉर्म सिविल कोड, मुख्यमंत्री धामी ने कहा-सभी तैयारियां पूरी.

259 Minutes Read -

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखंड में जनवरी 2025 से  समान नागरिक संहिता लागू हो जाएगी। इसके लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बुधवार को सचिवालय में उत्तराखंड निवेश और आधारिक संरचना विकास बोर्ड (यूआईआईडीबी) की बैठक के दौरान सीएम धामी ने कहा कि प्रदेश सरकार अपने संकल्प के अनुसार, समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में होमवर्क पूरा कर चुकी है।

सीएम धामी ने कहा कि मार्च 2022 में प्रदेश में नई सरकार बनने के बाद मंत्रिमंडल की पहली बैठक में ही प्रदेश में समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए एक विशेषज्ञ समिति, गठित करने का निर्णय लिया गया था। इस क्रम में सेवानिवृत्त न्यायाधीश रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय विशेषज्ञ समिति का गठन किया गया।

समिति की रिपोर्ट के आधार पर 07 फरवरी, 2024 को राज्य विधान सभा से समान नागरिक संहिता विधेयक 2024 पारित किया गया। इस विधेयक पर महामहिम राष्ट्रपति की सहमति मिलने के बाद 12 मार्च, 2024 को इसका नोटिफिकेशन जारी किया गया। इसी क्रम में अब समान नागरिक संहिता, उत्तराखण्ड 2024 अधिनियम की नियमावली भी तैयार कर ली है।

एक पोर्टल तथा मोबाइल एप भी तैयार किया गया-
इस तरह उत्तराखंड अब जनवरी से समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए पूरी तरह तैयार है, उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए, संहिता के प्रावधान लागू करने के लिए कार्मिकों का समुचित प्रशिक्षण देने के साथ ही सभी तरह की आधारभूत सुविधाएं जुटा ली जाएं। साथ ही अधिक से अधिक सेवाओं को ऑनलाइन रखते हुए, जनसामान्य की सुविधा का ख्याल रखा जाए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जन सामान्य की सुलभता के दृष्टिगत समान नागरिक संहिता लागू करने के लिए एक पोर्टल और मोबाइल एप भी तैयार किया गया है, जिससे कि पंजीकरण, अपील आदि की समस्त सुविधाएं ऑनलाइन माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही हैं।

जनवरी, 2025 में उत्तराखंड में राज्य समान नागरिक संहिता लागू हो जाएगी। उत्तराखंड का समान नागरिक संहिता कानून, सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास की मूल भावना पर चलते हुए, समाज को नई दिशा देगा। यह कानून विशेषकर  देवभूमि की महिलाओं और बच्चों के सशक्तिकरण के नए द्वार खोलेगा। -पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री उत्तराखंड